एचएएस की प्रारंभिक परीक्षा के बाद इस इसकी मुख्य परीक्षा को भी आईएएस की तर्ज पर लिया जाएगा। यह व्यवस्था हिमाचल प्रदेश संयुक्त प्रशासनिक सेवाओं की मुख्य परीक्षा में की गई है।
अब ऐच्छिक विषय के 100-100 अंकों के दो पेपर नहीं, बल्कि अब 200 नंबर का ही एक पेपर होगा। राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष केएस तोमर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश संयुक्त प्रशासनिक सेवाएं की मुख्य परीक्षा का स्वरूप संघ लोक सेवा की ओर से आयोजित की जाने वाली सिविल सेवाएं परीक्षा के बराबर कर दिया गया है।
ये प्रावधान इसी वर्ष यानी 2017 से लागू होगा। इसका संपूर्ण स्वरूप और पाठ्यक्रम सरकार ने पहले ही अनुमोदित किया है। इसे आयोग की वेबसाइट पर आम जनता और इच्छुक अभ्यर्थियों की जानकारी के लिए अपलोड किया गया है।
परीक्षा में किए गए हैं ये अहम बदलाव, देखें
आयोग ने पहले वैकल्पिक विषय के दो प्रश्न पत्रों में प्रत्येक में 100 अंकों की व्यवस्था की थी। अब 200 अंकों के वैकल्पिक विषय के एक ही प्रश्न पत्र को प्रदेश संयुक्त प्रशासनिक सेवाओं की मुख्य परीक्षा में व्यवस्था की है।
अन्य प्रदेशों के लोक सेवा आयोगों से विचार-विमर्श करने पर वैकल्पिक विषयों के दो प्रश्नपत्रों के स्थान पर एक ही प्रश्नपत्र की व्यवस्था को अपनाने का निर्णय लिया है। बताया कि वैकल्पिक विषयों के पाठ्यक्रमों में किसी भी तरह का परिवर्तन नहीं किया गया है।
छात्र यहां दे सकते हैं अपने सुझाव
राजनीतिक शास्त्र के वैकल्पिक विषय के नमूना प्रश्नपत्र को आयोग की वेबसाइट पर अपलोड किया है। http://www.hppsc.hp.gov.in/hppsc/ पर धीरे-धीरे अन्य वैकल्पिक विषयों के प्रश्नपत्रों के नमूना प्रश्नपत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध करवाए जाएंगे।
इच्छुक उम्मीदवार और अन्य लोग वैकल्पिक विषय के एक प्रश्नपत्र की व्यवस्था के बारे में जो भी सुझाव हैं, वे 15 अप्रैल 2017 तक आयोग को ई-मेल suggestions.hppsc@gmail.com, office.hppsc@gmail.com और hppsc_shimla@msn.com पर उपलब्ध करवाएं।