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होनहारों को जीरो नंबर देने वाले शिक्षक सस्पेंड, बचने को बनाया गजब का बहाना

Sat, 08 Jul 2017 02:39 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
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हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड की जमा दो परीक्षा में हमीरपुर के दो स्कूलों के विद्यार्थियों के गणित पेपर जांचने में घोर लापरवाही बरतने वाले दो शिक्षकों को सस्पेंड कर दिया गया है। अमर उजाला के  खुलासे के बाद हरकत में आई सरकार ने शुक्रवार को जिला कांगड़ा के दुर्गेला और करेरी स्कूल में तैनात गणित शिक्षकों को निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए।
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उच्च शिक्षा निदेशालय ने इन दोनों शिक्षकों की ओर से चेक किए गए अन्य स्कूलों के पेपरों की भी दोबारा जांच करवाने का फैसला लिया है। इसी मामले में बीते दिन सरकार ने शिक्षा बोर्ड के सचिव को भी हटा दिया था।

उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. बीएल बिंटा ने बताया है कि पेपर जांचने में लापरवाही बरतने के आरोप में दुर्गेला स्कूल में तैनात गणित लेक्चर बलजीत सिंह और करेरी स्कूल में तैनात डॉ. पवन कुमार भारती को सस्पेंड कर दिया है।
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दोनों सस्पेंड शिक्षकों को उपनिदेशक कार्यालय कांगड़ा से अटैच किया गया है। बिना पूर्व मंजूरी के दोनों शिक्षक जिला मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे। उन्होंने बोर्ड परीक्षा देने वाले सभी विद्यार्थियों से अपील की कि अगर किसी को लगता है कि उसे कम अंक मिले हैं तो वे शिक्षा बोर्ड में आवेदन कर दोबारा से पेपर चेक करवा सकते हैं। 

गलती पर गुरुजी ने बनाया था गजब का बहाना

हमीरपुर के दरब्यार और पौहंज स्कूल की पूरी क्लास को गणित में फेल करने वाले आरोपी शिक्षकों ने गजब बहाना बनाया है। स्कूल शिक्षा बोर्ड की जांच रिपोर्ट में शिक्षकों की ओर से कहा गया कि जब वे रेगुलर विद्यार्थियों के गणित के पेपर चेक कर रहे थे तो उनके सामने ओपन स्कूल के प्रश्न पत्र थे। प्रश्नों के उत्तर सही नहीं पाए जाने पर उन्होंने विद्यार्थियों को फेल कर दिया।

लेकिन शिक्षकों की यह बात निदेशालय के गले नहीं उतर रही है। शिक्षा निदेशालय के अफसरों का कहना है कि जब इन शिक्षकों को रेगुलर छात्रों के पेपर चेक करने को दिए गए तो ओपन स्कूल का प्रश्नपत्र सामने रखने का क्या औचित्य था।

गलती एक छात्र का पेपर चेक करने में हो सकती है, दो कक्षाओं के पेपर चेक करने में नहीं। बड़ा सवाल यह है कि अगर उत्तर पुस्तिकाएं रेगलुर छात्रों और प्रश्नपत्र एसओएस के थे तो किसी विद्यार्थी को जीरो और किसी को दस नंबर किस हिसाब से दे दिए गए। 
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चार छात्रों को पहले जीरो बाद में दिए 50 अंक 

वार्षिक परीक्षा के गणित के पेपर में दो स्कूलों के चार विद्यार्थियों को पहले जीरो अंक दिए गए। री-चेकिंग में इन्हें 50, 42, 42 और 43 अंक दिए गए। दरब्यार स्कूल के अभिषेक कुमार को पहले 10 बाद में 46 अंक, साहिल शर्मा को पहले 02 बाद में 49 अंक, शिवम कुमार को पहले शून्य बाद में 50,

सूरज चौहान को पहले 10 बाद में 46, विशाल चौहान को पहले 10 बाद में 62, शिवानी राणा को पहले 14 और बाद में 65 अंक दिए गए। पौहंज के सौरभ सिपहिया को पहले 0 फिर 43, विनश ठाकुर को पहले 0 फिर 42,

विशाल पठानिया पहले 0 फिर 42, आशीष कुमार को पहले 03 फिर 50 और विनय लगवाल को पहले 03 फिर 54 अंक देकर पास कर दिया गया। सौरभ ने 500 में से 319, विशाल ने 500 में से 300, विनय ने 500 में से 300, आशीष ने 500 में से 293 जबकि विनश ने 500 में से 274 अंक हासिल कर प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण की है।
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