अगर आपने गैस सब्सिडी के लिए अभी तक पंजीकरण नहीं करवाया है तो आपके लिए राहत भरी खबर है। केंद्र सरकार की संशोधित डीबीटीएल योजना के तहत पंजीकरण नहीं करवाने वाले शहर के 42 हजार उपभोक्ताओं के लिए जिला प्रशासन ने बड़ी सुविधा दी है।
छूट चुके उपभोक्ताओं को योजना से जोड़ने के लिए जिला प्रशासन और इंडियन ऑयल कारपोरेशन घर-द्वार आएगी। 22 दिसंबर से शहर में यह अभियान शुरू होगा। विशेष कैंप में पंजीकरण करवाने के लिए उपभोक्ताओं को अपने साथ आधार कार्ड नंबर और बैंक पासबुक की फोटो कॉपी और गैस उपभोक्ता नंबर संबंधी दस्तावेज साथ लेकर आना होगा।
22 दिसंबर से चलेगा अभियान
उपायुक्त दिनेश मल्होत्रा ने बताया है कि जनता की सुविधा के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। अभियान का शुभारंभ 22 दिसंबर को सुबह 10.30 बजे रिज मैदान से होगा। संजौली चौक में 23 दिसंबर, कसुम्मटी में 24 दिसंबर, लक्कड़ बाजार बस स्टैंड में 25, नाभा कालोनी में 26, बालूगंज में 27 दिसंबर तथा टूटू में 28 दिसंबर को गैस उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए विशेष कैंप आयोजित किए जाएंगे।
उपायुक्त ने शहरवासियों से इस सुविधा का लाभ उठाने की अपील की है। शिमला शहर में 62 प्रतिशत एलपीजी उपभोक्ताओं की लिंकेज संबंधित वितरण गैस एजेंसी के पास हो चुकी है। 38 फीसदी उपभोक्ताओं की लिंकेज बैंक में हुई है। वर्तमान में शहर में 1 लाख 10 हजार एलपीजी उपभोक्ता हैं।
मई तक सब्सिडी का मौका
14 फरवरी तक आधार कार्ड नहीं बनवाने वाले उपभोक्ताओं को सरकार ने मई महीने तक सब्सिडी वापस लेने का आखिरी मौका भी दिया है। शर्त रखी गई है कि अगर बाजार भाव पर गैस सिलेंडर खरीदने वाला उपभोक्ता मई महीने तक आधार कार्ड बनवा लेता है और गैस एजेंसी में लिंकंज करवा लेता है उसे भी सिलेंडर की सब्सिडी लौटा दी जाएगी। मई महीने में सब्सिडी की राशि लैप्स होने से जुलाई में इसका लाभ नहीं मिल सकेगा।
साइट पर देखें लिंक हुए या नहीं
आपके बैंक खाते की आधार कार्ड नंबर और गैस एजेंसी से लिंकेज हुई है या नहीं, इसकी जानकारी लेने के लिए उपभोक्ता ‘माई एलपीजी डाट इन’ वेबसाइट पर गैस एजेंसी, कस्टमर आईडी और आधार नंबर लिखकर स्टेटस जान सकेंगे।
12 सिलेंडरों पर ही सब्सिडी
अप्रैल 2014 से मार्च 2015 तक 12 रसोई गैस सिलेंडरों पर ही केंद्र सरकार सब्सिडी बैंक खातों में लौटाएगी। 13वां गैस सिलेंडर लेने के लिए उपभोक्ताओं को पूरी राशि चुकानी होगी।
14 फरवरी के बाद सस्ता नहीं
संशोधित डीबीटीएल योजना से नहीं जुड़ने वाले रसोई गैस सिलेंडर उपभोक्ताओं को 14 फरवरी के बाद सब्सिडी पर गैस सिलेंडर नहीं मिलेगा। इन्हें बाजार भाव पर सिलेंडर खरीदना पड़ेगा। शिमला शहर में 1 लाख 10 हजार एलपीजी उपभोक्ता हैं जो इसके दायरे में आएंगे।