मैहली तक हटाया जाना है अतिक्रमण, राजस्व के अधिकारी भी रहे मौजूद
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राष्ट्रीय राजमार्ग-5 पर कैथलीघाट से लेकर मैहली तक सड़क किनारे एनएच और वन विभाग की भूमि पर अतिक्रमण कर बनाई अस्थायी दुकानों को हटाने के लिए शुक्रवार को एनएच के शालाघाट सब डिवीजन का पीला पंजा चला।
एनएच विंग, राजस्व विभाग और वन विभाग के अधिकारियों की संयुक्त टीम ने मजदूरों और जेसीबी की मदद से अवैध रूप से किए अतिक्रमण को हटाने का कार्य फिर से शुरू किया। कैथलीघाट से लेकर शोघी तक पहले दिन की कार्रवाई में कई अतिक्रमण हटाए गए। लोक निर्माण विभाग के एनएच विंग के सहायक अभियंता (शालाघाट) नेत्र प्रकाश, कनिष्ठ अभियंता राकेश कुमार, वन विभाग के बीओ अशोक शर्मा और राजस्व विभाग के नायब तहसीलदार बिशन तनवर की टीम ने राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार वन, एनएच और सरकारी भूमि पर अवैध रूप से बनाए अस्थायी ढांचों और उनमें चल रही दुकानों को हटाया। इस दौरान सामान भी मौके से हटाया गया।
जुलाई में भी एनएच विंग ने न्यायालय के आदेश पर मैहली तक इस तरह का अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई की थी। एनएच के शालाघाट एसडीओ नेत्र प्रकाश ने बताया कि शुक्रवार को कैथलीघाट से लेकर शोघी तक कार्रवाई की गई है। इसके बाद शोघी से मैहली तक एनएच के किनारे किए गए अन्य अतिक्रमणों को हटाने के लिए कार्रवाई जारी रखी जाएगी।उन्होंने बताया कि पिछली बार कैथलीघाट से लेकर तारादेवी तक करीब 30 अतिक्रमण हटाए थे। इसके बाद एनएच के किनारे फिर से इस तरह की दुकानें अवैध रूप से लगनी शुरू हो गई थीं। इन्हें जेसीबी और मजदूरों की मदद से हटाया गया है। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण हटाने की यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।