पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं योजना बोर्ड के उपाध्यक्ष गंगू राम मुसाफिर के बड़े बेटे मोहन लाल मुसाफिर (42) की शनिवार सुबह विधानसभा परिसर तपोवन के पास सरकारी क्वार्टर में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। मोहन लाल तपोवन विधानसभा में कनिष्ठ सहायक के पद पर कार्यरत थे।
बताया जा रहा है कि मोहन लीवर इन्फेक्शन और शूगर की बीमारी का इलाज करवा रहे थे। शनिवार सुबह करीब सवा नौ बजे मोहन लाल को दिल का दौरा पड़ने के बाद धर्मशाला अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। सीएमओ कांगड़ा आरएस राणा ने बताया कि दिल का दौरा पड़ने से मोहन लाल मुसाफिर की मृत्यु हुई है। परिजन मोहन के शव को अंतिम संस्कार के लिए ले गए हैं।
मुख्यमंत्री और मंत्रियों ने निधन पर जताया पर शोक
मोहन लाल मुसाफिर जिला सिरमौर के पच्छाद से सात बार विधायक रह चुके वरिष्ठ कांग्रेस नेता गंगू राम मुसाफिर के बड़े बेटे थे। उनके आकस्मिक निधन पर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, विधानसभा अध्यक्ष बृज बिहारी लाल बुटेल ने दुख जताया है। विस उपाध्यक्ष जगत सिंह नेगी, जन स्वास्थ्य मंत्री विद्या स्टोक्स, स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री जीएस बाली, बहुउद्देशीय
परियोजनाएं एवं ऊर्जा मंत्री सुजान सिंह पठानिया, वन मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी, उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री, शहरी विकास मंत्री सुधीर शर्मा, आबकारी एवं कराधान मंत्री प्रकाश चौधरी, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कर्नल धनीराम शांडिल, ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री अनिल शर्मा, आयुर्वेद मंत्री कर्ण सिंह के अलावा सभी मुख्य संसदीय सचिवों, विधायकों, विभिन्न बोर्डों एवं निगमों के अध्यक्षों तथा उपाध्यक्षों ने भी शोक जताया है।