भले ही पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा का परिणाम घोषित हो चुका हो, लेकिन इससे जुड़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। पेपर लीक होने का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि अब लिखित परीक्षा पास कराने के नाम पर पैसे मांगने के आरोप में अर्की के पांच युवकों को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि पांचों युवकों ने ग्राउंड टेस्ट पास कर चुके कई अभ्यर्थियों से संपर्क किया। उनसे लिखित परीक्षा पास कराने के लिए व्हाट्सएप चैटिंग कर और कॉल के माध्यम से पैसे मांगे गए।
एक अभ्यर्थी की शिकायत पर पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार किया है। पूछताछ जारी है। इनके मोबाइल जब्त कर पुरानी चैटिंग खंगाली जा रही है। पुलिस को शक है कि इन युवाओं के तार किसी बड़े सरगना से जुड़े हो सकते हैं। यह भी पता लगाया जा रहा है कि जिन अभ्यर्थियों से इन युवकों ने संपर्क किया है, वे परीक्षा में पास हुए हैं या नहीं। छानबीन पूरी होने तक पुलिस इन युवकों की पहचान सार्वजनिक नहीं करेगी। एसपी सोलन विरेंद्र शर्मा ने बताया कि पांचों युवक अफवाह फैला रहे थे। उन्होंने कहा कि पुलिस भर्ती प्रक्रिया पारदर्शिता से पूरी की गई है।
यह भी रहा विवाद
हाल ही में कुछ अभ्यर्थियों ने इस भर्ती में पेपर लीक होने की आशंका जाहिर कर राज्य सरकार से शिकायत की है। अभ्यर्थियों ने मुख्य न्यायाधीश, मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और गृह सचिव को पत्र भेजे हैं। डीजीपी के समक्ष भी यह मामला उठाया गया है।
पांच अप्रैल को घोषित हुआ परिणाम
पुलिस कांस्टेबल भर्ती का लिखित परीक्षा परिणाम 5 अप्रैल को घोषित किया गया है। 1334 पदों के लिए 75,803 अभ्यर्थियों ने लिखित परीक्षा दी थी। इनमें से 26,000 अभ्यर्थी उत्तीर्ण हुए हैं।