लिफ्ट में फंसे लोगों ने पर्यटन निगम की लापरवाही पर जमकर भड़ास भी निकाली। अग्निशमन दल मौके पर पहुंचा तो उस वक्त वहां महिला बच्चे के साथ खड़ी थी। यह वही महिला थी जिसने घटना की जानकारी पुलिस और अग्निशमन केंद्र के सहायता कक्ष को दी थी।
इससे पहले भी यह लिफ्ट तीन बार पहले खराब हो चुकी है और इसमें पर्यटक और स्थानीय लोग फंस चुके हैं। लिफ्ट का उद्घाटन 7 दिसंबर 2018 को हुआ है। इस पर 6.20 करोड़ खर्च किए गए हैं।
अभी इस लिफ्ट को चले हुए नौ महीने भी नहीं हुए हैं करोड़ों खर्च करने के बावजूद लिफ्ट का यूं बार-बार खराब हो जाना कई सवाल खड़े कर रहे हैं। लोग अब नई लिफ्ट से जाने में डरने लगे हैं।
इस घटना से मौके पर मौजूद लोगों में अफरा तफरी का माहौल बना रहा। घटनास्थल पर मौजूद लोग करोड़ों की लागत से बनाई गई नई लिफ्ट की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाते रहे जब लिफ्ट में फंसे लोग सुरक्षित बाहर आए तब सबने चैन की सांस ली।
लिफ्ट के दरवाजे में कुछ फंस गया था जिस कारण यह लिफ्ट बीच में ही अटक गई। कहा कि जिस समय लिफ्ट बंद हुई, उस समय इंजीनियर वहीं मौजूद थे। पता चलते ही लिफ्ट को ग्राउंड फ्लोर पर लाया गया। इसके बाद इंजीनियर ने दरवाजा खोलकर लिफ्ट में फंसे लोगों को बाहर निकाल दिया। सभी लोग सुरक्षित हैं।-एमडी शर्मा, इंचार्ज, लिफ्ट