बद्दी के लक्कड़ डिपो के पास आग लगने से दो दर्जन झुग्गियां जल कर राख हो गई। आग लगने का कारण एक झुग्गी में उठी चिंगारी माना जा रहा है। यहां पर उस समय अफरा-तफरी मच गई जब झुग्गियों के ऊपर से गुजर रही तार पिघल कर लोगों के ऊपर गिर गई, लेकिन जान-माल का कोई नुकसान नहीं हुआ है।
आग से साढ़े तीन लाख रुपये की संपत्ति जल कर राख हो गई। झुग्गियों के बीच में करियाना की दुकान थी। दुकान से सामान निकालते हुए दुकानदार रामबीर पंडित व उसका भाई लाल राम झुलस गये जिन्हें स्थानीय चिकित्सालय में उपचार के लिए भेजा गया।
यह घटना दोपहर 2 बजे की है। प्रवासी कामगार जलधारा के झुग्गी में कुछ बच्चे खेल रहे थे। इस दौरान अचानक इस झुग्गी में आग लग गई। देखते ही साथ लगती झुग्गियों में आग फैल गई जिसमें करीब 20 झुग्गियां आग की चपेट में आ गई।
आग से रामवीर पंडित, अनाथा देवी, रामपाल, मदन लाल, अशुक कुमार, पृथ्वी राज, रामपाल, राजेश, यादराम, पंकज, बाबू राम, मयूकलाल, पूर्ण देव, ओंकार, अवधेश, सुखपाल, नंद किशोर, वेद पाल, दया राम, जलधारा की झुग्गियां जल कर राख हो गई।
आग को देखते हुए कुछ लोगों ने अपनी झुग्गियों से सामान निकाल लिया था, लेकिन अधिकांश लोगों का खाने पीने का सामान, बिस्तर, कपड़े व नकदी आग की भेंट चढ़ गई। फायर आफिसर किशोर कुमार ने बताया कि जलधारा के झुग्गी में आग लग गई।
वेदपाल, दया राम, नंद किशोर व अनाथा के नकदी भी जल कर राख हो गई। जबकि दुकानदार रामबीर पंडित की दुकान में रखा ढाई लाख रुपये का सामान जल राख हो गया है। उन्होंने बताया कि पांच छोटे सिलेंडर को आग से निकाला गया है जबकि एक सिलेंडर फट गया था।