राज्य बिजली बोर्ड में टारगेट पूरा न करने वाले कर्मचारी और अधिकारी नपेंगे। अपने क्षेत्र में लाइन लास न रोक पाने वाले अवर अभियंता, सहायक अभियंता, अधिशासी अभियंता और अधीक्षण अभियंता को एसीआर में रेड एंट्री देने के साथ उनकी प्रमोशन तक रोक दी जाएगी। वीरवार को सचिवालय में बिजली बोर्ड के निदेशक मंडल (बीओडी) की बैठक में यह निर्णय लिया गया।
बीओडी ने बोर्ड में 884 पदों को भरने के लिए ग्रीन सिग्नल दिया। पांच दिन पहले ही सर्विस कमेटी ने भर्ती की प्रक्रिया शुरू करने के लिए अपनी सहमति दी थी। अब बोर्ड को उक्त पदों को दो माह के भीतर भरना है।
निदेशक मंडल ने बोर्ड को कहा कि दो हजार करोड़ रुपये के वित्तीय घाटे को कम करने के लिए कठोर कदम उठाए, जिससे बिजली बोर्ड को आर्थिक तंगी से उबारा जा सके। बोर्ड की परियोजनाओं को तय समय पर पूरा करने के लिए कहा गया, जिससे व्यवस्था सुचारु चल सके।
कर्मचारियों के संशोधित ग्रेड पे को लेकर बोर्ड बैठक में कोई चर्चा नहीं हुई। उपभोक्ताओं की सेवाओं को बेहतर करने पर भी जोर दिया गया। निदेशक मंडल की बैठक में 32 एजेंडा शामिल किया गया था, जिसमें ज्यादातर मामले तकनीकी थी। बैठक में प्रधान सचिव श्रीकांत बाल्दी, प्रधान सचिव ऊर्जा एसकेबीएस नेगी, निदेशक ऊर्जा आरडी नजीम, प्रबंध निदेशक बिजली बोर्ड पीसी नेगी सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।