लोकसभा चुनाव को लेकर सभी विभागों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं, लेकिन जिस विभाग के जिम्मे पूरा दारोमदार है, उस विभाग के कर्मचारियों की आवाज पिछले 31 दिन से कोई नहीं सुन रहा है। निर्वाचन विभाग कर्मचारी महासंघ निदेशालय और सभी दफ्तरों के बाहर गेट मीटिंग और काले बिल्ले लगाकर मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
उनकी मांगों को सरकार और चुनाव आयोग सुनना उचित नहीं समझ रहा है। इस कारण कर्मचारियों में रोष बढ़ता जा रहा है। महासंघ के प्रदेशाध्यक्ष विनोद कुमार शर्मा और सुरेंद्र कुमार ने कहा कि किसी भी मांग को पूरा नहीं किया जा रहा है।
इन मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे कर्मचारी
अवकाश के दिन काम करवाने का महासंघ विरोध कर रहा है। इसके अलावा अधीक्षकों, वरिष्ठ अधीक्षकों, लिपिकों, दफ्तरी के पदों को सृजित करने, लंबित कामों को पूरा करने, बकाया राशियों को भुगतान करने, एक-एक कर्मचारी को दस-दस कामों का डील करना पड़ रहा है।