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Shimla News: चलने फिरने में लाचार बुजुर्गों को अब घरद्वार मिलेगा अब उपचार

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पैलिएटिव केयर कार्यक्रम के तहत बुजुर्गों के घर पर ही होंगे टेस्ट, उपचार करने का कर्मचारियों को दिया जा रहा है प्रशिक्षण
70 साल से अधिक आयु के बुजुर्गों को मिलेगा लाभ

संवाद न्यूज एजेंसी
जुन्गा (शिमला)। 70 साल से अधिक आयु के बुजुर्गों को अब उपचार के लिए अस्पताल आने की जरूरत नहीं है। इनका घर पर जाकर डॉक्टर उपचार करेंगे। बीमारियों से जूझ रहे बुजुर्गों को अस्पताल पहुंचाना परिजनों को बहुत मुश्किल होता है।
पैलिएटिव केयर कार्यक्रम के तहत बजुर्गों को अब अस्पताल नहीं ले जाना पड़ेगा बल्कि घर पर ही प्रमुख टेस्ट और अन्य उपचार चिकित्सा टीम द्वारा किया जाएगा। प्रदेश में यह कार्यक्रम शीघ्र आरंभ होने वाला है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की ओर से शुरू किए जा रहे पैलिएटिव केयर कार्यक्रम के तहत कर्मचारियों का प्रशिक्षण शुरू हो गया है। प्रशिक्षण के बाद यह कर्मचारी घर-घर जाकर बुजुर्गों का उपचार करेंगे। मशोबरा में आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में दस डॉक्टरों समेत 30 कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया गया। सिविल अस्पताल जुन्गा केे चिकित्सा प्रभारी डॉ. मनोज वर्मा हाल ही में केरल से पैलिएटिव केयर प्रशिक्षण प्राप्त कर लौटे हैं। उन्होंने बाकी डॉक्टरों और कर्मचारियों को अब यह प्रशिक्षण दिया है। कार्यक्रम के तहत प्रदेश में 70 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के वरिष्ठ लोगों को उनके घरद्वार पर उपचार दिया जाएगा। केरल के बाद इस कार्यक्रम को शुरू करने वाला हिमाचल प्रदेश देश का दूसरा राज्य होगा। डॉ. मनोज वर्मा ने बताया कि विभिन्न रोगों से पीड़ित या बिस्तर पर पड़े बुजुर्गों का अब उनके घर पर ही उपचार होगा। यह उपचार कैसे करना है, कैसे स्वास्थ्य जांच की जानी है, इस बारे में डॉक्टरों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया है।
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स्वास्थ्य जांच के लिए बनेगी स्पेशल टीम
बुजुर्गों की घरद्वार पर जांच के लिए स्पेशल टीम बनेगी। डॉ. मनोज वर्मा ने बताया कि अधिसूचना जारी होने के बाद आदर्श स्वास्थ्य संस्थान जुन्गा में विशेष टीम का गठन किया जाएगा। टीम में चिकित्सक सहित अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ शामिल होंगे। यह हर महीने अपने क्षेत्र के चयनित बुजुर्गों के घर जाकर देखभाल और उपचार सुविधाएं देंगे। पैलिएटिव केयर कार्यक्रम के तहत पूरे प्रदेश में चिकित्सकों और अन्य स्टाफ सदस्यों को प्रशिक्षण देने की प्रक्रिया जारी है। पैलिएटिव केयर कार्यक्रम को राज्य के आदर्श स्वास्थ्य संस्थान के माध्यम से संचालित किया जाएगा। इसमें वाहन सहित अन्य उपकरण और दवाइयां भी उपलब्ध करवाएंगे।
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