टी बोर्ड ऑफ इंडिया का नया प्रयोग हिमाचल के बागवानों की आय कम से कम आठ गुना बढ़ा देगा। टी बोर्ड ऑफ इंडिया उत्तराखंड में पैदा हो रही एबी-टू वैराइटी की चाय के पौधों को अब हिमाचल में भी लगाने जा रहा है। एबी-टू वैराइटी चाय किस्म की खासियत यह है कि एक हेक्टेयर भूमि पर इसकी पैदावार से 2000 से 2500 किलोग्राम चाय का उत्पादन होता है।
वर्तमान में हिमाचल में जो चाय उत्पादित हो रही है, वह एक हेक्टेयर में करीब 1000 किलोग्राम तक है। बागवान को इसका प्रति किलोग्राम मूल्य भी औसतन 100 रुपये प्रति किलोग्राम मिलता है जबकि एबी-टू वैराइटी की प्रति किलो चाय 400 से 500 रुपये प्रति किलोग्राम बिकती है।
एक हेक्टेयर में सामान्य चाय के उत्पादन पर गौर करें तो बागवान को करीब एक लाख रुपये आय होती है। एबी-टू वैराइटी की चाय के एक हेक्टेयर उत्पादन से बागवान को कम से कम 8 लाख रुपये की आय होगी। एबी-टू वैराइटी से ग्रीन और ब्लैैक दोनों फ्लेवर तैयार होंगे।