प्रेम विवाह के डेढ़ वर्ष बाद मुस्लिम समुदाय से संबंधित विवाहिता को उसके रिश्तेदारों ने घर से दिनदहाड़े अगवा कर लिया। वहीं, इसके छह माह के नवजात को वहीं छोड़ दिया। यह घटना हिमाचल के जिला सोलन के रामशहर के रेला जाबलू गांव की है।
रिश्तेदारों पर आरोप है कि मारपीट करने के बाद विवाहिता को जबरन वे लोग अपने साथ ले गए। इस मामले में नामजद चंबा के सिहुंता गांव से एक महिला समेत पांच लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। अगवा महिला का अभी तक को कोई सुराग नहीं लगा है।
मामले में गिरफ्तार दो को अदालत ने 19 सितंबर तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है जबकि तीन जमानत पर छूट चुके हैं। पांच अन्य वांछित हैं। पुलिस के अनुसार चंबा जिले के सिहुंता तहसील के धार गांव से दस लोग एक निजी वाहन से रेला जाबलू गांव पहुंचे।
जबरन किया अगवा
जब ये लोग वहां पहुंचे तो महिला का पति नेकराम घर पर नहीं था। इन लोगों ने नेकराम के पिता सोहन लाल व भाई की धुनाई करने के बाद नेकराम की पत्नी को जबरन ले गए। जबकि उसके दूध पीने वाले छह माह का बच्चे को वहीं पर छोड़ गये।
एसपी बद्दी जी शिवा ने बताया कि चंबा से पकड़े गए महिला व पुरुष को अदालत में पेश किया गया जहां से उन्हें 19 तक पुलिस रिमांड पर भेजा है। जबकि मामले में तीन आरोपी जमानत पर है।
नेकराम ने डेढ़ वर्ष पहले सिंहुता से एक युवती के साथ विवाह किया था। युवती ने कोर्ट व पुलिस के समक्ष अपनी मर्जी से विवाह करने की बात कही थी। लड़की मुस्लिम समुदाय से संबंधित थी।