हिमाचल के एक स्कूल में शिक्षा का पाठ पढ़ाने की जगह युवा नशे के गर्त फंसते जा रहे हैं। हालात यह है कि स्कूल के भीतर ही कई युवा नशे का सेवन करके धुत रहते हैं।
हैरानी इस बात की है कि प्रशासन की लाख शिकायतों के बाद भी पुलिस यहां पर नशे की इस पाठशाला को रोकने में कामयाब नहीं हो पाई है।
नशेड़ी युवक पुलिस के आने से पहले ही रफूचक्कर हो जाते हैं। ऐसे में स्कूल प्रबंधन से लेकर स्थानीय लोग इन नशेड़ियों से परेशान है।
नाल्टी स्कूल बना नशेड़ियों का अड्डा
मामला बिलासपुर जिला के कुठेड़ा का है जहां पर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला नाल्टी नशेड़ियों का अड्डा बन चुका है। हालांकि,इन दिनों में स्कूल में छुट्टियां हैं फिर भी वोकेशनल कोर्स की कक्षाएं चल रही हैं।
ऐसे में नशेड़ियों के लिए स्कूल परिसर बेहतर स्थान बना हुआ है। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला नाल्टी में स्कूल प्रबंधन समिति के प्रधान मनोज कुमार ने निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने देखा कि करीब एक दर्जन नशेड़ी युवा नशे में धुत थे। उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलने पर भराड़ी पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
जब तक पहुंची पुलिस नशेड़ी फरार
लेकिन,तब तक सभी नशेड़ी मौके से रफूचक्कर हो चुके थे। हालांकि पुलिस ने स्कूल के 100 मीटर के दायरे में नशीले पदार्थ बेच रहे दुकानदारों को भी चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उन्होंने स्कूल के नजदीक नशीले पदार्थों की बिक्री बंद नहीं की तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
स्कूल प्रबंधन समिति के प्रधान मनोज कुमार, सदस्य बलवीर ठाकुर, राजकुमार, कृष्णा देवी, रणजीत, तिलकराज, रतन लाल, नंत राम, किशोरी लाल और दिलीप राज ने मांग की है कि स्कूल के नजदीक बिक रहे नशीले पदार्थों की बिक्री पर अंकुश लगाया जाए।
इस संबंध में डीएसपी घुमारवीं अंजनी जसवाल ने कहा कि स्कूल में नशेड़ियों के होने की सूचना स्कूल प्रबंधन समिति प्रधान ने दी। जिसके उन्होंने भराड़ी पुलिस को तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे।