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एक्सपायर दवा मामले में चीफ फार्मासिस्ट गिरफ्तार

Tue, 23 Feb 2016 08:41 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, भरवाईं/चिंतपूर्णी (ऊना)
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सिविल अस्पताल चिंतपूर्णी में लाखों की एक्सपायर दवाइयों को नष्ट करने के मामले में पुलिस ने बीते दिन एफआईआर दर्ज करने के बाद पहली बड़ी कार्रवाई की है। मंगलवार को पुलिस ने सिविल अस्पताल चिंतपूर्णी में दबिश देकर सारे प्रकरण की जांच की और दवाएं नष्ट करने के आरोपी चीफ फार्मासिस्ट बीडी सिन्हा को गिरफ्तार कर लिया है।
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पुलिस ने अस्पताल में तैनात चिकित्सकों के बयान भी कलमबंद किए। चिकित्सकों से पूछताछ भी हो रही है। पुलिस मामले में संलिप्त अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी से अभी इंकार नहीं कर रही है। सोमवार को सीएमओ डॉ. एके गुप्ता ने दवा मामले की पूरी रिपोर्ट एसपी ऊना अनुपम शर्मा को सौंपी थी। शिकायत आने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।

पुलिस की कार्रवाई से अस्पताल प्रबंधन में हड़कंप मचा है। बता दें कि पुलिस ने सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का मामला दर्ज किया है। विभाग फार्मासिस्ट को पहले ही निलंबित कर चुका है जबकि एक डॉक्टर को शो कॉज नोटिस जारी हुआ है।
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डीएसपी जितेंद्र चौधरी ने बताया कि पुलिस ने धारा 409 के तहत केस दर्ज कर फार्मासिस्ट को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया जाएगा। अन्य डॉक्टरों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है। सीएमओ ऊना डॉ. अशोक कुमार गुप्ता ने बताया कि इस संबंध में विभाग ने एफआईआर दर्ज करवा दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

क्या है मामला- सिविल अस्पताल चिंतपूर्णी में मरीजों को मुफ्त में बंटने वाली लाखों की दवाएं स्टोर में ही एक्सपायर हो गईं। इन्हें समय पर बांटने के बजाए नष्ट करने के जिए टैंक में फेंक दिया गया। कई दवाइयां ऐसी भी फेंक दी जो अभी एक्सपायर भी नहीं हुई थीं। अफसरों ने एन मौके पर अस्पताल प्रबंधन की पोल खोली। ‘अमर उजाला’ ने इस मामले को प्रमुखता से उठाया था।
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