हाईकोर्ट ने मंडी जिले के जोगिंद्रनगर के राकेश कुमार और सुमन कुमार को चरस रखने का दोषी ठहराते हुए 15-15 साल कठोर कारावास और 1 लाख जुर्माने की सजा सुनाई है। न्यायाधीश राजीव शर्मा और न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर ने विशेष न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक) मंडी के फैसले को पलटते हुए यह आदेश जारी किए।
मामले के अनुसार 21 अगस्त 2007 को पुलिस पार्टी ने जोगिंद्रनगर के लडभड़ोल के पास दोषियों से 1 किलो 530 ग्राम चरस बरामद की थी। मामला दर्ज होने पर दोषी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम की धारा 20 के तहत विशेष जज फास्ट ट्रैक मंडी के समक्ष मुकदमा चलाया था।
19 गवाहों को कोर्ट में पेश करने के बावजूद अभियोजन पक्ष निचली अदालत में दोष साबित नहीं कर पाया। निचली अदालत के फैसले के खिलाफ सरकार ने हाईकोर्ट में अपील की थी। इसे स्वीकार कर कोर्ट ने दोषियों को चरस रखने का दोषी ठहराते हुए उपरोक्त सजा का फैसला सुनाया।