बंजार के कांग्रेस विधायक कर्ण सिंह को मंत्री बनाने के बाद दो दिन शांत रहने के बाद घुमारवीं से कांग्रेस विधायक एवं मुख्य संसदीय सचिव वन राजेश धर्माणी ने अपनी चुप्पी तोड़ दी है। उन्होंने कहा कि वह अपने लिए नहीं बल्कि अपने क्षेत्र के लिए ही मंत्री पद की मांग कर रहे थे।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह की प्रतिक्रिया के बाद धर्माणी ने कमेंट किया कि राजनीति में व्यक्तिगत कुछ नहीं होता। वह वर्तमान में सार्वजनिक जीवन में हैं। उन्होंने कहा कि जो तर्क कुल्लू जिले को मंत्री पद देने के पीछे दिया जा रहा है, वही बिलासपुर का भी था।