बादलों के छाए रहने से श्वास रोगियों हो रही दिक्कत अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। मौसम में हो रहे लगातार बदलाव से अस्पतालों में श्वास रोगियों में बढ़ोतरी होना शुरू हो गई है। मरीजों की हालत गंभीर होने के बाद मरीजों को अस्पताल में भर्ती भी करना पड़ रहा है। बादलों के छाने के बाद श्वास रोगियों को ओर अधिक दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने के बारे में आग्रह किया है। साथ ही मौसम में हो रहे बदलाव को लेकर एडवाइजरी जारी कर दी है। श्वास रोगियों को धुआं, धूल-मिट्टी वाली जगह में न जाने के लिए कहा है ताकि किसी भी प्रकार की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल की मेडिसिन ओपीडी में श्वास रोगी रोजाना आ रहे हैं। ओपीडी में रोजाना 10 मरीज उपचार के लिए आते हैं। जिलेभर के अन्य अस्पतालों में भी यही हाल है। आजकल भी कभी आसमान साफ हो जाता है तो कभी बादल छा जाते हैं। इसके साथ बीते दिनों हुई बारिश के बाद ठंड में भी इजाफा हो गया है। इस कारण श्वास रोगियों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन रोगियों को सिलिंडरों के जरिये ऑक्सीजन देकर स्टेबल किया जा रहा है। वहीं अधिक गंभीर रोगियों को आईजीएमसी रेफर किया जा रहा है। चिकित्सकों का मानना है कि मौसम में बदलाव के साथ धूल-मिट्टी बारिश के बाद काफी बढ़ गई है। इन दिनों पोलन भी झड़ रहा है। इसके अलावा प्रदेश में वाहनों के बढ़ने के कारण प्रदूषण भी बढ़ रहा है। लगातार श्वास रोग की चपेट में लोग आ रहे हैंं। आगामी दिनों में मौसम सामान्य होता है तो मामले घट सकते है।
ऐसे करें बचाव प्रदूषण, धूल, पालतू जानवरों के बाल और तेज गंध (परफ्यूम) से बचें घरों में अगरबत्ती या धूप न जलाएं ताकि धुआं न हो साफ-सफाई रखें और नमी/फफूंद वाले स्थानों से दूर रहें धूम्रपान और सेकेंड हैंड स्मोक (दूसरों का धुआं) से बचें
गुनगुना पानी पिएं और भाप लें तुलसी-काली मिर्च का काढ़ा पिएं स्वस्थ आहार लें और वजन नियंत्रित रखें योगासन और प्राणायाम (जैसे अनुलोम-विलोम) से फेफड़ों की क्षमता बढ़ाएं
सांस फूलने पर शांत रहें और आगे की ओर झुककर बैठेंं
इनसेट मौसम में लगातार बदलाव हो रहा है। इस कारण श्वास रोगियों में कुछ इजाफा हुआ है। लोगों से आग्रह है कि वह एडवाइजरी का ध्यान रखें और धुआं, धूल, मिट्टी से बचें। श्वास समस्या आने पर तुरंत चिकित्सक की सलाह लें। -डॉ. सोनिया, मेडिसिन विशेषज्ञ, डीडीयू शिमला