सुखविंद्र सुक्खू : मुख्यमंत्री अनुमान नहीं लगा सके कि मतदान में इस प्रकार क्रॉस वोटिंग होगी। ऐसी बेखबरी स्वीकार नहीं की जा सकती। सीएम अपने विधायकों को जोड़कर नहीं रख सके। भविष्य में अगर पार्टी के भीतर बगावत हुई, तो वे इसे रोक पाएंगे, इसमें भी संदेह पैदा होता है।
ये सुझाव भी दिए
- सरकार को अस्थिर होने से बचाने के लिए तत्काल सुधार करने होंगे। आचार संहिता लागू होने से पहले 12 असंतुष्ट विधायकों को कॉरपोरेशन व अन्य पद बांटे जाएं। ये सभी विधायक एकमत नहीं हैं, उनकी एकता तोड़ी जा सकती है।
- भाजपा सरकार गिरा कर लोकसभा और राज्य विधानसभा चुनाव साथ-साथ कराना चाहती थी, इसलिए मुख्यमंत्री बदलना सही नहीं होगा।
- मुख्यमंत्री, उप-मुख्यमंत्री व पार्टी प्रमुख प्रदेश नेताओं की समन्वय समिति बनाएं, दो सदस्य कांग्रेस अध्यक्ष सुझाएं।