बैठक के दौरान मुख्य सचिव बीके अग्रवाल ने राज्य में सफाई कर्मचारियों के कल्याण के लिए लागू किए गए विभिन्न कार्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि राज्य में कहीं भी हाथ से मैला नहीं ढोया जाता और सफाई कर्मचारियों को गम बूट, दस्ताने और फेस मास्क जैसे सुरक्षा उपकरण उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। उन्होंने श्रम विभाग को निर्देश दिए कि यदि आउटसोर्स एजेंसियों की ओर से सफाई कर्मचारियों के वेतन तथा अन्य वित्तीय लाभों में कोई अनियमितता हो रही हो तो उसकी जांच की जाए।
सफाई कर्मचारियों को पे स्लिप भी सुनिश्चित की जाए। तरल कचरे को उठाने के लिए अच्छी गुणवत्ता वाले बैग उपलब्ध करवाने के निर्देश भी दिए। मुख्य सचिव ने समिति को बताया कि शिमला के कृष्णानगर क्षेत्र को स्मार्ट सिटी मिशन में विकसित किया जाएगा। सफाई कर्मचारियों के जर्जर आवासों की मरम्मत की जाएगी।