कारण, 118 की हर अनुमति सरकार के स्तर से दिए जाने की व्यवस्था है। ऐसे में अगर जांच आगे बढ़ी और मित्रा पर शिकंजा कसा तो तत्कालीन सरकार के नुमाइंदे भी जांच की जद में आएंगे।
ऐसा इसलिए क्योंकि मित्रा और मामले के दो आरोपी व्यापारी भी सरकार की भूमिका की जांच की बात कह चुके हैं। उनका साफ कहना है कि जब वह अनुमति की फाइल को सरकार तक पहुंचाने का ही काम कर सकते हैं तो जिन्होंने मंजूरी दी उनसे भी पूछताछ होनी चाहिए।