मुख्यमंत्री ने कहा कि अन्य राज्यों से आने वाले सभी लोगों को क्वारंटीन में रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानों को गरीब और प्रवासी मजदूरों को भोजन और आश्रय प्रदान करने के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि पंचायतों को लोगों के लिए फेस कवर और मास्क प्रदान करने के लिए भी आगे आना चाहिए। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कहा कि कोरोना महामारी ने देश की अर्थव्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया है। उन्होंने देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे प्रदेश के लोगों को राज्य में वापस लाने के लिए सक्रिय दृष्टिकोण अपनाने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
अध्यक्ष जिला परिषद शिमला धर्मिला हरनोट, अध्यक्ष जिला परिषद बिलासपुर अमरजीत सिंह बग्गा, प्रधान ग्राम पंचायत नरैण जिला शिमला नरेश, प्रधान ग्राम पंचायत बलाघाड़ बिलासपुर रचना देवी, प्रधान ग्राम पंचायत बैहल बिलासपुर राम कुमार शर्मा, प्रधान ग्राम पंचायत नंदपुर, जुब्बल शिमला शकुंतला देवी, प्रधान ग्राम पंचायत कुई, रोहडू शिमला सुरिंद्र वर्मा ने भी इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज निदेशक ललित जैन ने कार्यवाही का संचालन किया। मुख्य सचिव अनिल खाची, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव संजय कुंडू, सचिव ग्रामीण विकास डॉ. आरएन बत्ता भी इस अवसर पर उपस्थित थे।