फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सिटीजन फीडबैक में पिछड़ने लगा शिमला, पढ़ें शहर की दो बड़ी खबरें

Mon, 06 Feb 2017 11:56 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन
स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्वच्छता सर्वेक्षण में हिल्सक्वीन शिमला को टॉप टेन तक पहुंचाने में आपकी सुस्ती भारी पड़ सकती है। स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत सिटीजन फीडबैक के मामले में शिमला शहर पिछड़ रहा है। शिमला को टॉप टेन में पहुंचाने के लिए 12 फरवरी तक 10 हजार फोन कॉल के जरिये सिटीजन फीडबैक पहुंचाना जरूरी है। अब तक महज 2500 फीडबैक ही दर्ज हो पाएं है।
विज्ञापन


हालांकि  अभी पूरे  एक हफ्ते का समय बाकी है। अगर शहर के लोग बढ़ चढ़ कर स्वच्छ भारत मिशन के हेल्पलाइन नंबर 1969 पर मिस्ड कॉल देकर सिटीजन फीड बैक दर्ज करवाते हैं तो शिमला टॉप टेन में पहुंच सकता है। शहर को बेस्ट रेटिंग दिलवाने के लिए नगर निगम अपने स्तर पर हर संभव प्रयास कर रहा है। निगम आयुक्त पंकज राय ने पूरे अभियान की कमान संभाल रखी है। लोगों को जागरूक करने के लिए निगम के 50 अधिकारियों और कर्मचारियों को जिम्मा सौंपा गया है। रविवार को सैहब सोसायटी के 25 सुपरवाइजरों को भी फील्ड में उतार दिया गया है। तीन कार्डिनेटर भी तैनात किए गए हैं।

अपने शहर के लिए सभी लोग दें सहयोग : पंकज
स्वच्छता सर्वेक्षण में शिमला को बेस्ट रेटिंग दिलाने के लिए शहर के सभी लोगों को 1969 पर मिस्ड कॉल देकर सिटीजन फीडबैक देना चाहिए। अब तक 2500 से अधिक सिटीजन फीडबैक दर्ज हो चुकी हैं। 12 फरवरी तक लोग अपनी फीडबैक दे सकते हैं।
विज्ञापन

- पंकज राय, आयुक्त, नगर निगम शिमला

अपने शहर के लिए आप भी दीजिए ‘दो मिनट’
हेल्पलाइन नंबर 1969 पर कोई भी व्यक्ति कॉल कर सकता है। कॉल करते ही फोन खुद कट जाएगा और कुछ देर बाद कॉल बैक आएगी। स्वच्छता सर्वेक्षण के ब्रांड एंबेसडर अमिताभ बच्चन की आवाज में स्वच्छता संदेश सुनाई देगा। इसके बाद आपके शहर का छह अंकों का पिन कोड पूछा जाएगा। शिमला शहर के विभिन्न वार्डों का पिन कोड 171001 से 171012 तक हैं। इसके बाद आपके शहर की स्वच्छता व्यवस्था से संबंधित छह सवाल पूछे जाएंगे। सवालों के जवाब देने से शिमला की स्वच्छता रैंकिंग बढ़ेगी।

4000 लोगों ने डाउनलोड की थी स्वच्छता ऐप
स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्वच्छता ऐप डाउनलोड करने की स्पर्धा में शिमला के लोग पहले ही बढ़ चढ़ कर अपनी सहभागिता निभा चुके हैं। अपने शहर को टॉप टेन में पहुंचाने के लिए 4000 से अधिक लोगों ने स्वच्छता ऐप डाउनलोड किया था। केंद्र सरकार की ओर से करवाए जा रहे स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत देश के 500 शहरों में कंपीटीशन हो रहा है। कंपीटीशन के तहत सभी शहरों को रैंकिंग दी जाएगी। स्वच्छता सर्वेक्षण 2017 भारतीय गुणवत्ता परिषद (क्यूसीआई) की ओर से करवाया जा रहा है।

पब्लिक ओपिनियन के हैं 600 अंक
स्वच्छता सर्वेक्षण में 2000 अंकों का कंपीटीशन होगा। 900 अंक नगर निकायों के पास मौजूदा संसाधनों के होंगे। 600 अंक सिटीजन फीडबैक के मिलेंगे। इसके अतिरिक्त सर्वेक्षण में प्रत्यक्ष तौर पर जुटाए गए आंकड़ों और स्वतंत्र आकलन के 500 अंक होंगे।

2. स्मार्ट सिटी छोड़िये; पांच साल में क्या किया, ये बताइए
स्मार्ट सिटी प्लान को लेकर रुल्दूभट्टा वार्ड की वार्ड सभा के दौरान रविवार को स्थानीय लोगों ने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर ही सवालिया निशान खड़े कर दिए। नगर निगम के अफसरों ने जब रुल्दूभट्टा वार्ड के लोगों से स्मार्ट सिटी प्लान को लेकर सुझाव मांगे तो लोगों ने उलटा सवाल पूछ लिया कि ‘पहले यह बताइए कि पिछले पांच सालों में नगर निगम ने शहर के लोगों के लिए क्या किया? रुल्दूभट्टा के लोगों ने पानी की किल्लत, सड़कों की खस्ताहालत और बदहाल स्ट्रीट लाइट को लेकर रोष जताया।

स्मार्ट सिटी प्लान को लेकर रविवार को आकलैंड टनल के समीप रैन बसेरा भवन में वार्ड सभा करवाई गई। रुल्दूभट्टा वार्ड से पार्षद सरोज ठाकुर की अध्यक्षता में इस बैठक में नगर निगम के सहायक अभियंता आदर्श भौटा भी उपस्थित रहे। मिडल कुफ्टाधार स्थित कौंडल निवास में रहने वाले दीपराम ठाकुर ने कहा कि मिनी कुफ्टाधार रेन शेल्टर से कुफ्टाधार तक पानी की लाइन में लीकेज से हजारों लीटर पानी बरबाद हो रहा है, कृष्णा कॉटेज के पास भी लीकेज हैै। कुफ्टाधार में सड़क गड्ढों में तबदील है। स्ट्रीट लाइटें भी खराब हैं।

शिमला को स्मार्ट सिटी बनाने से पहले नगर निगम को बुनियादी सुधार करने चाहिए। मिनी कुफ्टाधार में रहने वाली देविका ने बताया कि एंबुलेंस रोड की स्थिति बेहद खराब है। नगर निगम को कई बार सूचना दी गई है लेकिन स्थिति जस की तस है। ललित शर्मा ने बताया कि वार्ड में रास्ते इतने खराब हैं कि चलना तक मुश्किल है। स्ट्रीट लाइटें भी नहीं है जिससे शाम ढलने के बाद घरों से निकलने में डर लगता है।

स्मार्ट सिटी प्लान के लिए दिए यह सुझाव
रुल्दूभट्टा वार्ड की संगीता शर्मा ने स्मार्ट सिटी योजना के तहत लक्कड़ बाजार में जाम की समस्या के स्थायी समाधान के लिए फ्लाई ओवर बनाने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि भारी ट्रैफिक के कारण बच्चों और बुजुर्गों को सड़क क्रास करने में दिक्कत पेश आती है। फ्लाई ओवर से इस समस्या का समाधान किया जा सकता है। लक्कड़ बाजार के शिव कुमार ने रिवाली रोड में सार्वजनिक शौचालय बनाने की मांग उठाई। उन्होंने बताया कि शौचालय सुविधा न होने के कारण यहां लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। वार्ड सभा के दौरान लोगों ने एंबुलेंस सड़कों को चौड़ा कर पक्का करने, बस स्टॉप पर रेन शेल्टर और शौचालयों का निर्माण करने, सड़कों में स्ट्रीट लाइटें लगाने, पार्किंग और डिस्पेंसरी सुविधा उपलब्ध करवाने के सुझाव दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें