हिमाचल प्रदेश में शिशु मृत्यु दर घटी है, जबकि लिंगानुपात बिगड़ गया है। नीति आयोग के ‘हेल्थ इंडेक्स जून 2019’ में तीन साल के अध्ययन में यह बात सामने आई है कि यहां शिशु मृत्यु दर जहां 1000 शिशुओं पर तीन घट गई है, वहां पांच साल तक के बच्चों पर यह 6 तक घटी है। हालांकि लिंगानुपात की बात करें तो 1000 लड़कों के अनुपात में अध्ययन वर्ष तक 917 लड़कियां पैदा हो रही हैं, जबकि इससे तीन साल पहले यह आंकड़ा 924 था। इस तरह से इस आंकड़े के अनुसार सात लड़कियां पैदा होनी और कम हो गई हैं।
इस रिपोर्ट के अनुसार हिमाचल में जहां आधार वर्ष 2015-16 में शिशु मृत्यु दर 1000 शिशुओं पर 19 थी, वहीं यह संदर्भ वर्ष 2017-18 में घटकर 16 रह गई है। पांच साल तक के बच्चों की मृत्यु दर भी जहां पहले 33 थी, अब यह 27 रह गई है। आधार वर्ष 2015-16 में जहां एक हजार लड़कों पर 924 लड़कियां पैदा हो रही थीं, वहीं संदर्भ वर्ष 2017-18 में 7 लड़कियों की गिरावट दर्ज की गई है। यह लिगांनुपात एक हजार लड़कों पर 917 लड़कियों का रह गया है। यह रिपोर्ट नीति आयोग ने देश के सभी राज्यों के स्वास्थ्य मानकों पर जारी की है।