हादसे में बस के परखच्चे उड़ गए थे।
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चौहड़ा डैम बस हादसे को लेकर बड़ा खुलासा है। इस हादसे में 17 लोगों की मौत हुई है। 14 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि तीन लोगों ने अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था। चौहड़ा डैम बस हादसे की जांच शुरू हो गई है। शुरुआती जांच में खुलासा हुआ है कि चलती बस के टायरों के बोल्ट खुल गए थे।
ये बोल्ट जांच कमेटी को सड़क पर मिले हैं। इन्हें हादसे की बड़ी वजह माना जा रहा है। प्रशासन के निर्देश के बाद गठित जांच कमेटी ने शनिवार को घटनास्थल का दौरा कर साक्ष्य एकत्र किए। कमेटी में आरटीओ कृष्णा नेगी, परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंध अनूप राणा तथा निगम के विशेषज्ञ शामिल हैं। बस में तकनीकी खराबी की बात भी सामने आई है।
आरएम अनूप राणा की मानें तो सड़क पर मिले बोल्ट टायर को नियंत्रित करने के लिए थे। इनके खुलने से बस में असंतुलन की स्थिति बनी होगी। अचानक हुई इस गड़बड़ी से चालक घबरा गया। इससे बस उसके नियंत्रण से बाहर होकर गहरी खाई में चली गई। बताया कि जो बोल्ट जांच कमेटी को मिले हैं, उनके खुलने से टायर की पकड़ ढीली होती है।
ये बोल्ट टायर को नियंत्रित करने का काम करते हैं। इनके निकलने के बावजूद चालक के पास ब्रेक लगाने का समय था, जो उससे नहीं लग पाई। उन्होंने बताया कि यह शुरुआती जांच है। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी कुछ और कारण भी सामने आएंगे। बस में तकनीकी गड़बड़ी क्यों आई, इसकी जांच भी कमेटी करेगी।
उधर, आरटीओ कृष्णा नेगी ने बताया कि चालक थोड़ी सी होशियारी दिखाता तो अपने साथ अन्य सभी लोगों की जान को बचा सकता था। हादसे तकनीकी गड़बड़ी के साथ मानवीय चूक भी जिम्मेदार रही है। मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ेगी पूरी स्थिति साफ हो जाएगी।