प्रतिबंधित सड़कों का पास शुल्क बढ़ाने का भी विरोध अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। कमला नेहरू मातृ एवं शिशु अस्पताल (केएनएच) से गायनी विभाग को शिफ्ट करने के विरोध में भाजपा ने सोमवार को लोक भवन तक मार्च निकाला। इस दौरान भाजपा नेताओं के प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल कविंद्र गुप्ता को ज्ञापन सौंपकर इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल में भाजपा प्रदेश महामंत्री संजीव कटवाल, मीडिया प्रभारी कर्ण नंदा, कोषाध्यक्ष कमल सूद, सह मीडिया प्रभारी रमा ठाकुर और प्यार सिंह कंवर शामिल रहे। भाजपा नेताओं ने राज्यपाल को अवगत करवाया कि प्रदेश सरकार का कमला नेहरू अस्पताल शिमला की गायनी सेवाओं को आईजीएमसी में स्थानांतरित करने का प्रस्ताव न केवल अव्यवहारिक है, बल्कि यह मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के लिए गंभीर खतरा है। प्रतिनिधिमंडल ने शिमला शहर की प्रतिबंधित एवं बंधित सड़कों पर पास शुल्क में पांच गुना वृद्धि के निर्णय को भी जनविरोधी बताते राज्यपाल के समक्ष विरोध दर्ज किया। उन्होंने बताया कि प्रस्तावित संशोधन के तहत प्रोसेसिंग फीस 100 से बढ़ाकर 500, पास शुल्क 2,000 से बढ़ाकर 10,000 और अन्य शुल्कों में भारी वृद्धि की जा रही है। यह आम जनता, व्यापारियों और कर्मचारियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालेगी। भाजपा ने राज्यपाल से आग्रह किया कि इन दोनों मुद्दों पर संज्ञान लेते हुए राज्य सरकार को निर्देशित किया जाए कि कमला नेहरू अस्पताल की सेवाओं को यथावत बनाए रखा जाए और पास शुल्क में की गई भारी वृद्धि को तत्काल प्रभाव से रोका जाए। पार्टी ने चेताया कि अगर प्रदेश सरकार के ये निर्णय जनता के हितों के खिलाफ हैं और भाजपा इन मुद्दों को लेकर जनआंदोलन को और तेज करेगी।