पुलिस जांच में पता चला है कि तीनों बदमाशों के पास केवल एक ही पिस्टल थी। अगर तीनों के पास अलग-अलग पिस्टल होती तो मंजर कुछ और ही होता। इस एनकाउंटर में कई और पुलिस वाले भी घायल को सकते थे।
वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मेड इन चाइना पिस्टल भारत में बेन है। केवल तस्करी के जरिये ही मेड इन चाइना केे हथियार भारत पहुंचते हैं। ऐसे में अब इस बात से भी इनकार नहीं किया जा सकता कि बदमाशों के पास यह हथियार तस्करों के जरिये ही पहुंचे होंगे।
बदमाशों के पास मिले मेड इन चाइना के हथियारों से एक बात तो साफ हो गई है कि भारत में मेड इन चाइना के हथियारों की तस्करी हो रही है और बदमाशों व लुटेरों के पास यह पहुंच रहे हैं।
इसके अलावा पंजाब पुलिस ने गरामोड़ा व कोलावाला टोबा में लगे सीसीटीवी कैमरों की भी फुटेज बिलासपुर पुलिस से मांगी है ताकि पंजाब पुलिस आगामी कार्रवाई कर सके। एसपी बिलासपुर अशोक कुमार का कहना है कि बदमाशों के पास मिले हथियार मेड इन चाइना हैं।
इनके पास से अभी तक एक ही पिस्टल मिली हैै। इसके अलावा जो गोली पिस्टल में प्रयोग की जाती है वह भी कुछ और ही तरह की है। जो यहां पर प्रयोग नहीं होता है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। बदमाशों से पूछताछ की जा रही है।
श्री नयना देवी में पंजाब पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ मामले में पंजाब पुलिस ने बदमाशों द्वारा फेंकी गई असल नंबर प्लेट को बरामद कर लिया है। यह नंबर प्लेट खरड़ के पास एक ढाबे के समीप मिली है।
असल प्लेट का नंबर (यूपी 37एच-7272) है। डीएसपी नयना देवी मनोहर लाल ने बताया कि पंजाब पुलिस ने छानबीन के बाद गाड़ी की असल नंबर प्लेट को बरामद कर लिया है।
गौरतलब है कि बदमाशों ने बंदूक के दम पर खरड़ के पास एक कार को छीना था। हिमाचल में दाखिल होने से पूर्व बदमाशों ने नंबर प्लेट बदल दी थी। असल नंबर प्लेट की जगह इसमें (पीबी10 ईजे-7200) को लगा दिया था।