मंत्रिमंडल ने वर्ष 2020-21 के लिए खुदरा आबकारी ठेके के नवीकरण को भी स्वीकृति दी है। इससे सरकार के राजस्व में पर्याप्त मात्रा में बढ़ोतरी होगी, शराब की कीमतों में कमी आएगी तथा पड़ोसी राज्यों से शराब की तस्करी रोकने में मदद मिलेगी। नई आबकारी नीति में शराब निर्माताओं और बाटलर्ज को खुदरा लाइसेंसियों को देशी शराब का 30 प्रतिशत कोटा प्रदान करनेे का प्रावधान है। रिटेल लाइसेंसी शेष 70 प्रतिशत कोटा अपनी पसंद के आपूर्तिकर्ता से ले सकते हैं।