शिक्षा हासिल करने के लिए न तो कोई उम्र की सीमा होती है और न ही बेहतरीन गुरुकुल की। यह साबित कर दिखाया है राजगढ़ (सिरमौर, हिमाचल प्रदेश) इलाके की अमिता मेहता ने। अमिता खुद कभी कॉलेज की दहलीज तक पार नहीं की। कॉलेज का माहौल कैसा होता है, वे इससे अनभिज्ञ हैं। कड़ी लगन और मेहनत की बदौलत वे अब कॉलेज में स्टूडेंट्स को शिक्षित करेंगी।
राजगढ़ उपमंडल के उच्च विद्यालय ठौड़ निवाड़ में टीजीटी पद पर तैनात अमिता मेहता का चयन सहायक प्रोफेसर के पद पर हुआ है। अमिता ने स्वयं कभी कॉलेज में पढ़ाई नहीं की। अमिता का जन्म भनोग गांव में ऊमादत्त शर्मा के घर हुआ। इनकी प्राथमिक शिक्षा भनोग स्कूल में हुई, जबकि बीए और एमए तक पढ़ाई प्राइवेट ही की। उन्होंने शिवशक्ति बीएड कॉलेज से बीएड की। उसके बाद 2015 में उनका चयन टीजीटी आर्ट्स पद पर हुआ।