उच्च शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि प्रदेश के सरकारी डिग्री कॉलेजों में इन दिनों सेमेस्टर परीक्षाएं चल रही हैं। इस दौरान सहायक और एसोसिएट प्रोफेसरों को परीक्षा ड्यूटी के लिए दूसरे कॉलेजों में भेजे जाने से नियमित कक्षाओं की शैक्षणिक गतिविधियों पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। विशेष रूप से दूसरे और तीसरे वर्ष के विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
निदेशालय ने प्रदेश के सभी सरकारी डिग्री कॉलेजों और सरकारी संस्कृत कॉलेजों के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि शिक्षकों को दूसरे कॉलेजों में परीक्षा ड्यूटी पर तैनात करने संबंधी मामले विश्वविद्यालयों को न भेजें। आदेश में कहा गया है कि विद्यार्थियों के शैक्षणिक हितों को ध्यान में रखते हुए शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि उनकी पढ़ाई बाधित न हो।