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बकरीद 2018: जज्बा-ए-कुर्बानी के साथ सजदे में झुके हजारों सिर

Wed, 22 Aug 2018 04:04 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
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अल्लाह के हुक्म से हजरत इब्राहिम की ओर से पेश की अजीम कुर्बानी की याद में बुधवार को राजधानी के प्रदेश भर में मुसलमानों ने ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज अदा की। शहरभर की मस्जिदों में कुर्बानी के जब्बे के साथ हजारों सिर सजदे में झुके।

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इस दौरान देश और प्रदेश की तरक्की खुशहाली तथा शांति के लिए खास तौर पर दुआ मांगी गई। हर तरफ अमन और भाईचारे का संदेश दिया गया। इस दौरान बच्चों ने भी एक दूसरे को गले लगाकर ईद की बधाईयां दी।
 
शहर में सबसे बड़ी जमात कुतुब मस्जिद में जुटी। मिडल बाजार स्थित जामा मस्जिद, छोटा शिमला और संजौली में सुबह साढ़े नौ और दस बजे कश्मीरी मस्जिद में नमाज पढ़ी गई।
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लोगों ने एक-दूसरे के गले मिलकर ईद की बधाई दी। नमाज के बाद अकीदत मंदों ने अल्लाह की राह में कुर्बानी देकर हजरत इब्राहिम की कुर्बानी की याद को ताजा किया।  

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लोगों ने एक-दूसरे के गले मिलकर दी ईद की बधाई

लोगों ने एक-दूसरे के गले लगकर मुबारकबाद देकर सेविइयों का आनंद लिया। मौलाना मुमताज अहमद कासमी खतीब ईदगाह ने बताया कि कुतुब मस्जिद में सुबह साढ़े आठ बजे ईद की नमाज अदा की गई।

ईदगाह लक्कड़ बाजार, बालूगंज मस्जिद और जतोग कैंट मस्जिद में सुबह नौ बजे ईद की नमाज पढ़ी। मदरसा इस्लाहुल फिक्र मस्जिद बालूगंज के कार्यालय प्रभारी मुबारक अली ने बताया कि यह

दिन हजरत इब्राहिम और हजरत इस्माइल की रजा के लिए कुर्बानी को याद दिलाता है। इस दिन अहद करना चाहिए कि हम इंसानियत और आपसी भाईचारा और अल्लाह के रास्ते पर चलना चाहिए।
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