हिमाचल के ऊना जिले के दौलतपुर के पास बसे चलेट गांव के आयुष ठाकुर सेना में लेफ्टिनेंट बन गए हैं। शनिवार को आईएमए देहरादून में हुई पासिंग आउट परेड में आयुष को यह गौरव प्राप्त हुआ।
कार्यक्रम में शामिल होने वाले उनके मामा रवि ठाकुर ने बताया कि आयुष का झुकाव शुरू से ही सेना में जाने का था। आयुष ने प्रारंभिक शिक्षा डीएवी दौलतपुर से ग्रहण की।
उसके बाद कक्षा छह में सैनिक स्कूल सुजानपुर टिहरा के लिए चयनित हुए। 12वीं कक्षा के बाद उनका चयन एनडीए के लिए हुआ। उन्होंने स्नातक एनडीए अकादमी पुणे तथा ऑफिसर ट्रेनिंग आईएमए देहरादून से पूरी की।
आयुष अपने परिवार से तीसरी पीढ़ी का सेना में नेतृत्व कर रहे हैं। उनके दादा स्वर्गीय सूबेदार विक्रम डढवाल, पिता सेवानिवृत्त हवलदार राकेश कुमार, नाना सेवानिवृत्त सूबेदार प्रीतम सिंह पूर्व में सेना में सेवाएं दे चुके हैं।
माता अंजना किरण गृहिणी हैं। उन्होंने अपनी उपलब्धि का श्रेय माता पिता, गुरुजनों के साथ मामा राजीव कुमार और रवि कुमार को दिया है। देहरादून में पासिंग आउट परेड के बाद आयुष ने फोन पर बताया कि किसी भी लक्ष्य को कड़ी मेहनत व अनुशासित जीवन शैली से प्राप्त किया जा सकता है।