इस कार्ड से कीमोथैरेपी भी मुफ्त होगी। पीजीआई सहित हिमाचल के 199 अस्पतालों में उपचार होगा, जबकि इसमें 56 निजी अस्पताल भी शामिल हैं। सहारा योजना के तहत कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों को हर माह दो हजार खाते में डाले जा रहे हैं।
मंत्री ने कहा कि 90 हजार गरीब लोगों का यह कार्ड मुफ्त बना है। मनरेगा के 50 दिन पूरे किए मजदूरों के मुफ्त कार्ड बने हैं। अनुबंधकर्मियों, आशा वर्कर, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मिड डे मील वर्करों, 40 फीसदी दिव्यांगों और 70 साल से अधिक आयु वालों से 365 रुपए लेकर कार्ड बने हैं। विधायक कमलेश ने चर्चा में हिस्सा लेते हुए कहा कि यह योजना संजीवनी है।
भाजपा विधायक नरेंद्र ठाकुर की ओर से विधानसभा में लाए गए हिमकेयर और सहारा ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर भाजपा विधायक राकेश पठानिया और कांग्रेस विधायक जगत सिंह नेगी में नोकझोंक हुई।
जगत सिंह नेगी ने जब ध्यानाकर्षण प्रस्ताव में हिमकेयर और सहारा योजना पर सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि लोगों के स्वास्थ्य कार्ड नहीं बन रहे हैं। सरकार ने कई स्कीमों को क्लब कर दिया है।
अपनी बात खत्म करने के बाद भाजपा विधायक राकेश पठानिया ने उन पर शब्दों का हमला। बोला कहा कि इस योजना से लोगों को फायदा पहुंचा है। लोगों का इलाज निशुल्क हो रहा है, इससे ज्यादा और क्या चाहिए।
उन्होंने कहा कि कहां तो जगत सिंह नेगी को इस योजना का समर्थन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में मशीनों को कबाड़ में रख दिया। कैंसर का इलाज शिमला में होता है और मशीनें टांडा में रखी गई। आज हिमाचल में कैंसर जैसी बीमारी का निशुल्क उपचार किया जा रहा है।