अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। जिले के जो बेरोजगार युवा रोजगार के अवसर तलाश रहे हैं उनके लिए खुशखबरी है। युवा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत स्वरोजगार और लघु सूक्ष्म उद्यम योजनाआें को स्थापित करने के लिए सब्सिडी पर ऋण दिया जा रहा है। लघु और सूक्ष्म उद्योगों को स्थापित करने के लिए आवेदक जिला उद्योग, खादी बोर्ड और खादी कमीशन में ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा विभागों में जाकर भी आवेदन कर सकते है।
योजना के अंतर्गत आवेदक औद्योगिक सूक्ष्म इकाइयों के तहत फर्नीचर, फूड प्रोसेसिंग, स्टोन क्रशर, नक्काशी, मधुमक्खी पालन के अलावा अन्य कई तरह के सूक्ष्म लघु उद्योग स्थापित कर सकते हैं। स्वरोेेेेजगार सूक्ष्म उद्योग के तहत टेंट हाउस, बेकरी, टेलरिंग, ब्यूटीपार्लर, प्रिंटिंग प्रेस, साइबर कैफे, मोबाइल रिपेयर, डेरी प्रोडक्ट, लेदर वर्क, पेपर और कप प्लेट, रेडीमेट, ग्रिलिंग सूक्ष्म उद्योग स्थापित कर प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत सब्सिडी ले सकते है। औद्योगिक सूक्ष्म उद्योगों के लिए अधिकतम सीमा 25 लाख और स्वरोजगार उद्योगों के लिए 10 लाख रुपये है। सामान्य वर्ग के लिए शहरी क्षेत्र में 15 फीसदी और ग्रामीण क्षेत्र में 25 फीसदी अनुदान है। वहीं, अनुसूचित जाति एवं जनजाति, पूर्व सैनिक और दिव्यांग आवेदकों के लिए शहरी क्षेत्र में 25 और ग्रामीण इलाकों में 35 फीसदी तक की सब्सिडी मुहैया करवाई जाती है। प्रदेश खादी बोर्ड के नोडल अधिकारी संजीव जस्टा ने बताया कि रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए बेरोजगार युवाओं को प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत प्रोत्साहित किया जा रहा है।
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2017-18 के लिए छह करोड की सब्सिडी प्रस्तावित
जिला उद्योग में 40 फीसदी, खादी बोर्ड और खादी कमीशन में 30 फीसदी की सब्सिडी प्रदान की जा रही है। 2017-18 के लिए स्वरोेजगार और लघु सूक्ष्म उद्योगों के लिए करीब छह करोड़ रुपये की सब्सिडी प्रस्तावित है।
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