पानी के पाइप भी भूमिगत डक्ट से गुजरेंगे
हिमपात के दौरान नहीं टूटेंगे बिजली तार
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि छोटा शिमला से विल्ली पार्क और शिमला शहर के अन्य क्षेत्रों में अंडरग्राउंड यूटिलिटी डक्ट्स (बिजली तार और केबल भूमिगत करने का कार्य) का निर्माण होगा। उन्होंने यह जानकारी लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी।
बताया कि इस महत्त्वाकांक्षी परियोजना पर 146.34 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
यह परियोजना शहर में बुनियादी अधोसंरचना को मजबूत करने में सहायक साबित होगी, इससे स्थानीय लोगों की सुविधाओं में वृद्धि होगी और पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि इससे शहर में भारी बर्फबारी और प्रतिकूल मौसम के दौरान भी उपभोक्ताओं को निर्बाध तथा सप्ताहभर बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित होगी। बर्फबारी के दौरान बिजली तार टूटने से शहर में भारी दिक्कतें होती हैं। अब बिजली तार भूमिगत होने से इस समस्या से छुटकारा मिलेगा। पर्यटकों को शिमला के ऐतिहासिक गौरव के दर्शन होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अंडरग्राउंड यूटिलिटी डक्ट्स के निर्माण से सड़क को बार-बार खोदने की आवश्यकता भी नहीं रहेगी। उन्होंने कहा कि पानी के पाइप, बिजली लाइनें और फाइबर केबल एक सामान्य भूमिगत डक्ट में बिछाई जाएंगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अंडरग्राउंड यूटिलिटी डक्ट्स का निर्माण कार्य राज्य सरकार के ‘हरित हिमाचल’ परिकल्पना के अनुरूप होना चाहिए और यह सुनिश्चित किया जाए कि इस कार्य के निष्पादन के दौरान लोगों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में राज्य सरकार ने प्रदेश में सैलानियों की आवाजाही में बढ़ोतरी करने के लिए विभिन्न योजनाएं शुरू की हैं। इस अवसर पर अतिरिक्त मुख्य सचिव केके पंत, प्रधान सचिव देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश कंवर और लोक निर्माण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में मौजूद रहे।