हिमाचल प्रदेश शिक्षा विभाग के ऐन वक्त पर लिए गए फैसले ने शिमला के रामपुर स्कूल (छात्रा) प्रबंधन के होश उड़ा दिए हैं। राजधानी शिमला के पोर्टमोर स्कूल से यहां अचानक पेपरों के बंडल चेकिंग के लिए भेज दिए गए हैं। ऐसे अब शिक्षक इन आसंरशीट को चैकिंग की बात सुनकर ही घबरा गए हैं।
प्रबंधन का तर्क है कि इसकी सूचना तक उन्हें पहले नहीं दी गई। स्कूल में स्टाफ की दिक्कत और ऐसे में सवाल यह उठता है कि पेपर कैसे चेक होंगे।
बताया जा रहा है कि आननफानन में रामपुर स्कूल को पेपर चेकिंग सेंटर में तबदील कर दिया है।
रामपुर छात्रा स्कूल के प्रधानाचार्य पवन सोनी ने कहा कि बिना पूर्व सूचना दिए विभाग ने आठवीं कक्षा के तेरह हजार पेपर चेकिंग के लिए भेज दिए हैं। स्कूल में पहले ही शिक्षकों की कमी चल रही है। ऐसे में इस काम पूरा करना उनके लिए मुश्किल हो गया है।