अयोध्या नगरी में गूंजेगी हिना बी और अरमान की बांसुरी
मुस्लिम परिवार की तरफ से बनाई गई बांसुरी कुछ अलग ही है। अरमान बताते हैं कि बांसुरी बनाना उनका खानदानी काम है। असम के जिस बांस से यह बांसुरी बनाई गई है वह करीब 20 साल पहले से रखा हुआ था। इस बांस को किसी विशेष प्रयोजन के लिए रखा गया था। 2021 में जब सबसे लंबी बांसुरी बनाई थी तब इसका प्रयोग करने जा रहे थे, लेकिन दूसरा बांस मिल गया तो इसे वापस उठाकर रख दिया था।
सोचा नहीं था कि भगवान श्रीराम की नगरी के लिए इस बांस का प्रयोग होगा। बांस की खासियत यह है कि इसका व्यास यानी गोलाई 3.5 इंच है। इतनी गोलाई के बांस अब नहीं आते। बांसुरी बनाने में दस दिन लग गए। बांसुरी की खासियत यह है कि दोनों तरफ से यह बज सकती है।
दोनों तरफ से सातों सुर इसमें डाले गए हैं। बनाने में करीब 70-80 हजार रुपये का खर्च आया। हैंड वर्क किया गया है। सोशल मीडिया पर हिना व उनके बेटे अरमान द्वार तैयार की गई बांसुरी काफी तेजी से वायरल हो रही है। इस बांसुरी को ट्रक से अयोध्या भेजा जाएगा।