दस वर्ष की उम्र से ही रच रही इतिहास
अनामिका ने अपनी पहली स्काई डाइविंग जंप महज दस वर्ष की उम्र में ही की थी। 20 साल की उम्र में उन्होंने स्काई डाइविंग का लाइसेंस प्राप्त कर लिया था। वह अब तक 300 स्काई डाइव पार कर चुकी हैं। उन्होंने यह हैरतअंगेज कारनामा अपने पिता अजय शर्मा से सीखा है। पिता भारतीय वायुसेना से सेवानिवृत्त जूनियर वारंट ऑफिसर, प्रशिक्षित कमांडो और प्रोफेशनल स्काई डाइवर हैं। अजय अबतक 650 बार स्काई डाइविंग कर चुके हैं।
थाइलैंड में बजीं तालियां
अनामिका ने राम मंदिर के सम्मान में यह छलांग थाइलैंड के रेयांग शहर में लगाई है। थाईलैंड हनुमानजी को अपना रक्षक मानता है। अनामिका ने जैसे ही सनातनी और धार्मिक श्रीराम का ध्वज आकाश में फहराया तो थाइलैंड के स्थानीय नागरिकों ने तालियां बजाकर उत्साह बढ़ाया।