फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rajasthan: महिला ने कलेक्टर से लगाई गुहार, 'साहब मैं जिंदा हूं, संपत्ति के लिए मेरे भाइयों ने मुझे मार डाला'

Fri, 22 Jul 2022 12:40 PM IST
वीरेंद्र शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजस्थान

सार

संपति के लिए भाईयों ने ही बहन का बनवा लिया मृत्यु प्रमाण पत्र, मौत के 13 साल बाद वो पहुंची कलेक्ट्रेट, अपनों पर ही संपत्ति के फेर में फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने का आरोप
 
विज्ञापन
भीलवाड़ा में जिंदा होने के सबूत देती हुई महिला - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजस्थान की भीलवाड़ा कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई के दौरान अजीबो गरीब मामला सामने आया है। एक महिला स्वयं को जिंदा होने का सबूत दे रही है। महिला का आरोप है कि भाईयों ने 13 साल पहले उसकी मौत का प्रमाण पत्र बनवाकर जमीन अपने नाम करा ली। उन्हें स्वयं को जिंदा होने के सबूत देने के लिए भटकना पड़ रहा है। पीड़िता का आरोप है कि भाईयों की तरफ से की गई जालसाजी को लेकर पुलिस व प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। हालांकि, बाद में जिला कलेक्टर ने संज्ञान लेकर मामले में जांच के आदेश दिए है।
विज्ञापन

 
महिला ने कलेक्टर को दिए जिंदा होने के सबूत
भीलवाड़ा कलेक्ट्रेट पहुंची महिला ने बताया कि नर्मदा की भीलवाड़ा के उपनगर पुर में उसकी पुश्तैनी संपदा है। महिला ने भीलवाड़ा कलेक्टर आशीष मोदी के सामने पेश होकर डेथ सर्टिफिकेट के साथ गुहार लगाई कि साहब, मैं जिंदा हूं, मेरे परिजनों ने मेरा फर्जी डेथ सर्टिफिकेट बनाकर पूरी जायदाद हड़प ली। कृपया दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करिए। इधर, जिंदा महिला के कलेक्टर के सामने उपस्थित होने के बाद उन्होंने अधिकारियों को तुरंत जांच की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

भाइयों ने बनवाया फर्जी डेथ सर्टिफिकेट
महिला नर्मदा देवी ने बताया कि मेरे भाइयों ने ही मेरा मृत्यु प्रमाण पत्र बनवा लिया जबकि मैं जिंदा हूं। जिसने भी मेरा यह डेथ सर्टिफिकेट बनवाया है उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। मुझे कोर्ट में कलेक्ट्रेट में सभी कहते हैं तुम तो मर गई हो मैंने जब जमीन जायदाद की वसीयत की कॉपी निकलवाई तब पता लगा कि मुझे मृत घोषित कर रखा है। मुझे जिंदा होते हुए भी मरा हुआ घोषित करने का कारण प्रापर्टी है। मेरे भाइयों ने ऐसा किया है। मैं चाहती हूं कि मुझे मेरा हिस्सा मिले और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई हो।
विज्ञापन


कलेक्टर भी रह गए हैरान 
महिला की बात सुनकर कलेक्टर आशीष मोदी खुद हैरान रह गए। महिला ने खुद के जिंदा होने की बात कहते हुए अपना डेथ सर्टिफिकेट रखकर पूरा दर्द बयां किया। साथ ही न्याय की गुहार लगाई। भीलवाड़ा के उपनगर की नर्मदा देवी टेलर ने बताया कि वह सन् 2005 से दिल्ली में काम कर रही हैं। उनके पांच भाई-बहनों ने मिलकर साल 2008 में उसका फर्जी डेथ सर्टिफिकेट बनवा लिया और उसके हिस्से की जमीन जायदाद हथिया ली।

महिला ने भाइयों पर मां के साथ भी लगाया मारपीट का आरोप 
महिला ने आरोप लगाया है कि वसीयतनामा उसके नाम करने के बाद भाइयों ने मां से भी मारपीट की। मारपीट सहित पूरा प्रकरण प्रताप नगर थाने में भी दर्ज कराया था, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद मैं बाहर चली गई। अब मुझे मेरे फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने की जानकारी मिली। जिला कलक्टर को भी पूरा प्रकरण बताया जा चुका है। उन्होंने जांच का आश्वासन दिया, लेकिन कुछ हुआ नहीं है। चार माह से भटक रही हूं। राशि भी काफी खर्च कर चुकी हूं। अब फिर से पुलिस को रिपोर्ट दी है।

परिवाद पर भी खड़े हुए सवाल
इस मामले में महिला ने पांच जुलाई को परिवाद दिया। इसके बाद 13 दिन बीत चुके हैं, लेकिन 11 किलोमीटर दूर पुर थाने तक परिवाद नहीं पहुंचा है। इससे भी कई सवाल खड़े हो रहे हैं। इधर, मामले में पुर थानाप्रभारी शिवराज गुर्जर का कहना है कि अभी एसपी आफिस से महिला का परिवाद नहीं मिला है। परिवाद मिलने पर मुकदमा दर्ज कर लेंगे। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

कराई जा रही है जांच 
कलेक्टर मोदी ने कहा, पूरे मामले की गहनता से जांच कराई जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि दूसरी महिला का डेथ सर्टिफिकेट लेकर उसे इस्तेमाल तो नहीं किया गया। जांच में दोषी पाए जाने पर पुलिस में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इसके लिए पुलिस अधिकारियों को भी निर्देश दिए गए हैं। 
विज्ञापन


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें