मावली तहसील के जवान जी का खेड़ा गांव में बिजली के बिल से परेशान किसान ने डीजल की मोटर से पानी पिलाने और आटा पीसने का जुगाड़ कर लिया। इससे उसका खर्च भी कम हो रहा है और बिजली के बिल से भी निजात मिल गई।
हुआ यूं कि कमल भील हर दो महीने में 10 से 15 हजार का बिल आने से परेशान था। इससे पूरे परिवार का बजट बिगड़ जाता है। इस पर कमल ने अनोखा जुगाड़ का उपयोग करते हुए डीजल से पानी की मोटर चलाना तय किया और उसी पर शावेल लगा कर आटा चक्की भी चलाना शुरू कर दी। अब एक ही डीजल के खर्चे में आटा चक्की और पानी की मोटर दोनों चल रही है। इससे खर्च भी काफी कम हो गया है।
कमल भील ने बताया कि करीब सवा साल से बिजली का बिल अधिक आने के बाद यह तरीका आजमाया। अब एक लीटर डीजल से एक घण्टा पानी की मोटर व आटा चक्की दोनों को चलाया जा सकता है। खर्चा सिर्फ शाफ्ट और शाॅवेल का अतिरिक्त है।