खाटू श्याम बाबा का लक्खी मेला 28 फरवरी से शुरू होने वाला है। मेले के शुरू होने में अभी दो दिन शेष हैं, लेकिन पैदल यात्रा करने वाले भक्त एक दिन पहले ही बाबा के दर्शन के लिए रवाना हो रहे हैं। यह मेला लगातार 12 दिन तक चलेगा। इस बार 30 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं के शामिल होने का अनुमान है।
श्रद्धालुओं की सुविधाओं का खास ख्याल रखते हुए रींगस से खाटू श्याम मंदिर तक 17 किलोमीटर लंबा कारपेट बिछाया गया है ताकि पैदल यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो। जयपुर सहित आसपास के कई जिलों से लाखों भक्त पैदल यात्रा करते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए जयपुर से रींगस तक हाईवे के किनारे एक कच्चा रास्ता तैयार किया गया है।
इस कच्चे रास्ते को जेसीबी से समतल और आरामदायक बनाया गया है, जिससे भक्तों के पैरों में छाले न पड़ें और हाईवे पर चलने वाले वाहनों से होने वाली दुर्घटनाओं को रोका जा सके। इसके अलावा, रास्ते में जगह-जगह आराम गृह भी बनाए गए हैं, जहां श्रद्धालु विश्राम कर सकेंगे।
श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए खाटू श्याम मेला मैदान से मंदिर तक 8 किलोमीटर लंबा जिगजैग रास्ता बनाया गया है। इस दूरी को तय करने में करीब 5 घंटे लग सकते हैं। इस पूरे जिगजैग रास्ते को टीन शेड से कवर किया गया है, ताकि श्रद्धालु धूप और बारिश से बच सकें।
मेला प्रभारी एसडीएम मोनिका सामोर ने बताया कि इस बार सरकारी प्रोटोकॉल वाले वीआईपी को छोड़कर किसी भी अन्य व्यक्ति के लिए वीआईपी दर्शन की अलग से व्यवस्था नहीं होगी। दिव्यांगों और बुजुर्गों के लिए अलग लेन बनाई गई है, जो लाला मांगेराम धर्मशाला के पास स्थित होगी। इस विशेष लेन से व्हीलचेयर की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी ताकि जो श्रद्धालु पैदल चलने में असमर्थ हैं, वे आसानी से बाबा के दर्शन कर सकें।