अलवर में मंदिर तोड़ने को लेकर भाजपा गहलोत सरकार पर लगातार हमलावर है। मामले को शांत करने के लिए सरकार ने एसडीएम, नगर पालिका ईओ और नगर पालिका के चेयरमैन को सस्पेंड कर दिया है। कार्रवाई को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा कि अपने अफसरों की गलती छुपाने के लिए बोर्ड पर आरोप लगाने वाली राजस्थान कांग्रेस अंततः अफसरों को दोषी मान उन पर कार्रवाई कर रही है।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने ट्वीट कर कहा कि सत्य पराजित नहीं होता। अपनी अनैतिक सोच का अफसरों से क्रियान्वयन कराने वालों जनता सब देख समझ रही है कि किसके इशारे पर मंदिर टूटा। दौसा दुष्कर्म और हत्या को लेकर रामलाल शर्मा ने भी गहलोत सरकार पर जुबानी हमला बोला है।
रामलाल शर्मा और अलका गुर्जर ने बताया गहलोत सरकार को फेल
विधायक रामलाल शर्मा ने कहा कि राजस्थान के अंदर अपराध चरम सीमा पर है। दौसा के अंदर दिनदहाड़े एक महिला का अपहरण कर गाड़ी के अंदर उसका दुष्कर्म करके उसके शव को कुंए के अंदर धकेल देना गंभीर है। मेरे ख्याल से राजस्थान की सरकार को कम से कम इन अपराधियों के ऊपर डर तो पैदा करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि राजस्थान की पुलिस भी अपराधियों के अंदर कानून का डर पैदा करने में नाकाम साबित हो रही है। इसलिए आवश्यकता इस बात की है कि समय रहते हुए कानून का डर इन अपराधियों के मन मस्तिष्क के अंदर बिठाना नितांत आवश्यक है। नहीं तो आने वाले समय के अंदर और भी इस तरीके की संगीन वारदातों को अपराधी अंजाम देने का काम करेंगे। भाजपा की राष्ट्रीय मंत्री अलका सिंह गुर्जर ने भी गहलोत सरकार को फेल बताया। अलका गुर्जर ने कहा कि कानून व्यवस्था बनाए रखने में राजस्थान सरकार पूरी तरह फेल हो चुकी है ।