भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया।
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भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने बुधवार को भीलवाड़ा एसडीएम कार्यालय के बाहर जोधपुर हिंसा के विरोध में धरना दिया। साथ ही उन्होंने राज्यपाल के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान पूनिया ने कहा कि जोधपुर सहित प्रदेश की ताजा घटनाओं ने बता दिया है कि प्रदेश में गहलोत सरकार का इकबाल खत्म हो रहा है।
धरने के दौरान सतीश पूनिया ने अशोक गहलोत सरकार के विरोध में नारेबाजी करते हुए गहलोत सरकार को होश में आने की नसीहत दी। पूनिया ने कहा कि बिजोलिया के लोगों ने उन्हें गदा भेंट की है, वो इस गदा का इस्तेमाल सरकार को उखाड़ फेंकने में काम में लेगे। बिजोलिया की जनता उखाड़ फेंकने की विशेषता रखती है क्योंकि यहां की धरती से लोग पत्थर निकालना जानते है। लोग सरकार भी निकाल सकते हैं।
भ्रष्टाचार, कर्जमाफी आदि मुद्दों पर सरकार को घेरा
इस दौरान भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने सरकार के 40 महीने हो जाने और सरकार में आने से पहले किए गए वादों पर अमल नहीं करने पर वादा खिलाफी का आरोप लगाया। पूनिया ने कहा कि सरकार ने 10 दिन में किसानों का कर्जा माफ करने को कहा था। उन्होंने तंज करते हुए कहा कि यदि भगवान कृष्ण भी होते तो इस तरह का चमत्कार नहीं कर पाते। 12 सौ दिन में किसानों को आत्महत्या के लिए मजबूर होना पड़ा है लेकिन कर्ज माफी नहीं हुआ।
वहीं सरकार को घेरते हुए पूनिया ने परीक्षाओं में पेपर लीक कराना, भ्रष्टाचार, आमजन की सुरक्षा पर ध्यान नहीं देने का आरोप लगाते हुए राज्य सरकार को घेरा। इसके बाद पूनिया के नेतृत्व में भाजपा ने उपखंड अधिकारी सीमा तिवाड़ी को ज्ञापन सौंपा। जिसमें उन्होंने जोधपुर में हुए दंगो में आरोपियों को हिरासत में लेने सहित क्षेत्र की कई समस्याओं को लेकर राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया। इस दौरान पूनिया ने जोधपुर हिंसा के तह तक जाकर आरोपियों पर कार्रवाई की मांग की।