इस तरह एसपी की कार के सामने लेट गए परिजन।
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हनुमानगढ़ में नाबालिग बच्चियों के लापता होने के मामले में पुलिस की कार्यशैली से परेशान परिजनों के सब्र का बांध शुक्रवार को टूट गया। तीसरे दिन भी बच्चियों के बारे में जानकारी नहीं मिलने से परेशान परिजन एसपी की गाड़ी के सामने लेट गए और रोते हुए अपनी बेटियों को खोजने की मांग करने लगे।
परिजनों के आंसू देखकर भी एसपी अजय सिंह का दिल नहीं पसीजा और वे अपनी गाड़ी से नीचे नहीं उतरे। न्याय की गुहार लगा रहे परिजनों ने यह देखकर अपना विरोध तेज किया तो एसपी को गुस्सा आ गया। उन्होंने गाड़ी से बाहर निकलकर अपने गनमैन से कहा कि इनका वीडियो बनाओ। इसके बाद फिर अपनी गाड़ी में बैठ गए। पुलिस कप्तान के आदेश पर सादा वर्दी में खड़े पुलिसकर्मियों ने रोते-बिलखते परिजनों को कार के सामने से हटाया।
जानकारी के अनुसार मामला जंक्शन कस्बे से दो नाबालिग बच्चियों के लापता होने से जुड़ा है। इन बच्चियों के परिजनों ने गुरुवार को भी जंक्शन थाने के बाहर धरना दिया था। दोनों बच्चियां 22 मार्च से लापता हैं। परिजनों का आरोप है कि जब वे बेटियों के लापता होने का केस दर्ज कराने थाने पहुंचे तो पुलिस ने इनकार कर दिया। थाने के बाहर धरना और नारेबाजी करने के बाद पुलिस ने केस दर्ज किया था, लेकिन अब पुलिस उनकी बेटियों को तलाशने के लिए कोई प्रयास नहीं कर रही है।