Fake Document Appointment Case: झुंझुनू में बाल कल्याण समिति की पूर्व अध्यक्ष अर्चना चौधरी और उनके पति लेफ्टिनेंट कर्नल दिनेश कुमार को फर्जी दस्तावेजों के जरिए नियुक्ति हासिल करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। तीन साल पुरानी शिकायत की जांच के बाद पुलिस ने दोनों को रिमांड पर भेजा।
बाल कल्याण समिति की पूर्व अध्यक्ष अर्चना चौधरी और उनके पति लेफ्टिनेंट कर्नल दिनेश कुमार को झुंझुनूं कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों पर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी से नियुक्ति हासिल करने का आरोप है।
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जानकारी के मुताबिक, जुलाई 2023 में झुंझुनूं निवासी आरटीआई एक्टिविस्ट राजेश अग्रवाल ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज करवाई थी। आरोप था कि अर्चना चौधरी ने अपने पति लेफ्टिनेंट कर्नल दिनेश कुमार और अन्य के साथ मिलकर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और अयोग्य होने के बावजूद बाल कल्याण समिति में अध्यक्ष पद पर नियुक्ति प्राप्त कर ली।
करीब तीन साल तक चली जांच के बाद पुलिस ने आईपीसी की धारा 120बी, 420, 467, 468 और 471 के तहत दोनों को आरोपी मानते हुए गिरफ्तार किया। पुलिस ने दोनों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।
गौरतलब है कि अर्चना चौधरी की नियुक्ति पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हुई थी। बाल कल्याण समिति किशोर न्याय अधिनियम के तहत गठित एक महत्वपूर्ण न्यायपीठ है, जिसे प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट के अधिकार प्राप्त होते हैं। यह समिति जरूरतमंद बच्चों की देखभाल और संरक्षण से जुड़े मामलों में काम करती है।