कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए राजस्थान सरकार ने अंतरराज्यीय आवागमन को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। राज्य से बाहर जाने वालों को अब सक्षम अधिकारी से पास लेना होगा, जबकि दूसरे राज्यों से निजी बसों, टैक्सी और निजी वाहनों से आने वालों का पहचान पत्र जांचा जाएगा और उनकी स्क्रीनिंग की जाएगी।
गृह विभाग के आदेश के मुताबिक, घरेलू उड़ानों, ट्रेनों और बसों से आने वालों के पहुंचने पर एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर फिर से स्क्रीनिंग की जाएगी। यह व्यवस्था अगले आदेश तक जारी रहेगी। इससे पहले, पुलिस महानिदेशक (कानून व्यवस्था) एमएल लाठर ने एक आदेश जारी किया था।
इसमें कहा गया था कि अनापत्ति प्रमाण पत्र के बगैर किसी को भी राजस्थान में प्रवेश नहीं दिया जाएगा। साथ ही राज्य से बाहर जाने वालों को पास लेना जरूरी होगा। हालांकि इसके बाद गृह विभाग ने आवागमन को लेकर विस्तृत आदेश पारित किया।
इसके मुताबिक, स्पॉट (तत्काल) पास जिला प्रशासन द्वारा एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर पहचान पत्र जांचने के बाद जारी किए जाएंगे। पास प्राप्त करने के लिए संबंधित व्यक्ति को बस, ट्रेन और उड़ान के प्रस्थान से पहले काउंटर पर पहुंचना होगा। वहीं, अन्य पास कलेक्टर, एसडीएम, पुलिस आयुक्त, उपायुक्त, एसपी, डीएसपी और स्थानीय पुलिस स्टेशनों द्वारा जारी किए जाएंगे।
तीन हजार से ज्यादा प्रवासी मिले पॉजिटिव
लॉकडाउन में प्रवासियों को घर लौटने की छूट देने के बाद राजस्थान में अब तक लौटे लोगों में से 3209 को कोरोना संक्रमित पाया गया है। पाली में सर्वाधिक 409 प्रवासी पॉजिटिव पाए गए हैं, जबकि नागौर में 348 और सीकर में 250 प्रवासी संक्रमित मिल चुके हैं।
123 नए मामले
राजस्थान में मंगलवार 123 नए मामले मिले हैं, वहीं जोधपुर में एक व्यक्ति की मौत हो गई। सबसे ज्यादा 40 मामले जयपुर, भरतपुर में 34, सीकर में 11, झुंझुनू में नौ, नागौर में पांच, कोटा में तीन और अलवर में दो केस मिले हैं।