उदयपुर एसपी विकास शर्मा ने बताया कि 6 फरवरी की शाम करीब 7 बजे राजेंद्र परमार अपने रेस्टोरेंट से कहीं जाने के लिए अपने गाड़ी के पास गया। गाड़ी का गेट खोलते समय पीछे से आए 2 व्यक्तियों ने सिर में गोली मार कर हत्या कर दी। राजेंद्र के भाई संजय की रिपोर्ट पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए सीओ तपेंद्र मीणा और एसएचओ रविंद्र चारण के नेतृत्व में टीम गठित की गई।
10 आरोपी पहले ही हो चुके गिरफ्तार
गठित टीम ने पूर्व में विजय सिकरा, प्रीतम सिंह उर्फ बंटी, भंवर लाल सुहलका, जितेंद्र उर्फ अन्ना, तूफान सिंह, सरदार उर्फ ज्ञानी, यशपाल सोलंकी, प्रियंक जीनगर, राकेश गायरी, गायत्री कंवर को मामले में गिरफ्तार किया गया था। अब फरार आरोपी भरत सिंह को गिरफ्तार किया गया है।
3 पिस्टल और 35 कारतूस खरीद कर लाया था
भरत सिंह ने अपनी ब्रेजा कार से विजय उर्फ सिकरा और प्रीतम सिंह उर्फ बंटी वगैरह के साथ राजेंद्र परमार की हत्या के लिए रैकी की, विजय, प्रीतम सिंह और जितेंद्र के साथ जाकर 3 पिस्टल और 35 कारतूस खरीद कर लाया, साथ ही राजेंद्र परमार की हत्या के षड्यंत्र में भी शामिल था। आरोपी भरत सिंह गहनता से पूछताछ की जा रही है।