नागौर में सड़क पर रसूख दिखाकर यातायात नियमों की अनदेखी करने वालों पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। काली फिल्म, बिना नंबर प्लेट और नंबर प्लेट की जगह जाति या पदनाम लिखी गाड़ियों के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान में पुलिस ने दो दिनों के भीतर 56 वाहनों को जब्त कर लिया। कार्रवाई के दौरान कई रसूखदारों की सिफारिशें भी बेअसर रहीं।
जिलाध्यक्ष लिखी कार को जब्त किया
जिला पुलिस अधीक्षक रोशन मीणा के निर्देशन में सहायक पुलिस अधीक्षक जितिन जैन के नेतृत्व में शहर के पांच थाना क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान ए-श्रेणी की नाकाबंदी कर बिना नंबर प्लेट, काली फिल्म लगी गाड़ियों और नंबर प्लेट से छेड़छाड़ करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा उस समय हुई जब पुलिस ने 'जिलाध्यक्ष' लिखी एक लग्जरी कार को भी जब्त कर लिया। वाहन पर काली फिल्म लगी हुई थी और वह यातायात नियमों का उल्लंघन कर रहा था। इस कार्रवाई के बाद शहरभर में पुलिस की सख्ती की चर्चा होने लगी।
पुलिस ने 56 वाहन जब्त किए
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि सड़क पर नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई में किसी तरह की सिफारिश या दबाव नहीं चलेगा। अभियान के दौरान कई वाहन चालकों ने प्रभावशाली लोगों से फोन करवाकर कार्रवाई रुकवाने की कोशिश की, लेकिन मौके पर मौजूद पुलिस टीम ने किसी की नहीं सुनी। कार्रवाई के दौरान नागौर शहर में 8 वाहन जब्त किए गए, जिनमें 2 महिंद्रा थार, 2 कैंपर, 1 स्विफ्ट, 1 स्कॉर्पियो, 1 वेन्यू और 1 ऑल्टो शामिल हैं। वहीं जिलेभर में कुल 48 वाहन सीज किए गए। इनमें 2 थार, 3 स्कॉर्पियो, 9 कैंपर, 5 पिकअप, 2 स्विफ्ट कार, 1 ब्रेजा, 5 अन्य कारें व लोडिंग टेंपो और 21 मोटरसाइकिलें शामिल हैं।
ये भी पढ़ें-
‘अब आर-पार की लड़ाई’: राजस्थान के शिक्षकों ने सरकार के खिलाफ खोला मोर्चा; 18 जून से प्रदेशभर में होगा धरना
सहायक पुलिस अधीक्षक जितिन जैन ने कहा कि नागौर सड़क हादसों के लिहाज से संवेदनशील जिला बन चुका है। आए दिन स्टंटबाजी और लापरवाही से वाहन चलाने के वीडियो सामने आते हैं। ऐसे में सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस लगातार अभियान चलाएगी। उन्होंने वाहन चालकों से अपील की कि वे अपने वाहन के दस्तावेज पूरे रखें, नंबर प्लेट से छेड़छाड़ न करें और काले शीशों की फिल्म तुरंत हटवा लें। नियमों का उल्लंघन करने पर वाहन कभी भी जब्त किया जा सकता है।
पुलिस ने जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों से भी लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि सड़क सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखने के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।