मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने चार्टर प्लेन भेजकर अमित शाह को राजस्थान बुलाने की बात कही थी। सीएम की इस टिप्पणी पर भाजपा लगातार जुबानी हमला कर रही है। अब सांसद राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने इसको लेकर कड़ी आपत्ति जताई है।
राज्यवर्धन सिंह राठौर ने कहा कि गहलोत जी, जब आपके निर्देश पर आपके साइबर योद्धा यह लंबा-चौड़ा ट्वीट लिख रहे थे, ठीक उसी समय जयपुर में 19 साल की युवती के साथ दुष्कर्म की खबर आई। शायद आपका और आपकी टीम का ध्यान उसपर नहीं गया होगा क्योंकि दुष्कर्म जैसी घटनाएं आप लोगों के लिए मात्र मनोरंजन का विषय बनकर रह गई है।
आपके विधायक दुष्कर्म पीड़िता का उड़ा रहे थे मजाक
राठौड़ ने आगे कहा कि गहलोत जी, भूल गए या याद दिलाएं आपको। किस तरह भरे सदन में आपकी पार्टी के विधायक ‘रेप विक्टिम’ का मजाक उड़ा रहे थे। दुष्कर्म की घटनाओं पर रोक लगे, इस विषय पर विमर्श करने की बजाय राजस्थान को मर्दों का प्रदेश बताकर बेशर्मी से अट्टहास कर रहे थे।
विधायक के बेटे पर दुष्कर्म के आरोप पर भी घेरा
उन्होंने कहा कि अभी हाल ही में आपके प्रिय विधायक के पुत्र अपने मित्रों के साथ 10वीं में पढ़ने वाली नाबालिग छात्रा के साथ गैंगरेप कर उसका अश्लील वीडियो बनाकर वायरल करते हैं। विडंबना देखिए, सत्ता के दबाव में अभी तक वह पुलिस की गिरफ्त में भी नहीं आते हैं। इसे क्या कहा जाए।
दुष्कर्म की घटना पर सवाल उठाना भ्रम फैलान है, तो इससे बड़ा दुर्भाग्य कुछ नहीं
राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि आज राजस्थान का कोई ऐसा जिला नहीं बचा होगा, जहां आए दिन दुष्कर्म की घटनाएं न सुनाई देती हो। गहलोत जी, आपके इन राजनीतिक दलीलों से इन मासूमों की चीखों को दबाया नहीं जा सकता। बढ़ती दुष्कर्म की घटनाओं पर सवाल उठाना अगर आपको भ्रम फैलाना लगता है तो इससे बड़ा दुर्भाग्य कुछ नहीं हो सकता। आपके विधायक ने ही कहा था कि गांधी परिवार की गुलामी आप लोगों की परंपरा है। इसलिए प्रियंका गांधी के बचाव में आपसे ऐसी उम्मीद की जा सकती है। हालांकि उनके बचाव में आप जितनी दलीलें दे रहे हैं, उससे अच्छा यह होता कि आप अपनी कमियों को मानकर बहन-बेटियों की रक्षा करते।