नाबालिगों का प्रयोग क्यों?
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि इस उम्र के बच्चों की आवाज पतली होती है, जिससे कॉल पर बात करते समय वह महिलाओं-लड़कियों जैसी लगती है। जिससे लोग आसानी से उनके जाल में फंस जाते हैं। इसके बाद उनके न्यूड वीडियो बनाकर उनसे रुपये ऐंठे जाते हैं।
क्या गलती न करें?
सेक्सटॉर्शन का शिकार कोई भी हो सकता है, लेकिन सावधानी से इससे बचा जा सकता है। अंजान नंबर से आने वाले मैसेज या कॉल पर भरोसा ना करें। मैसेज या कॉल आने पर पता करें कि सामने वाला व्यक्ति कौन है। पहचान का व्यक्ति होने पर बात करें, नहीं तो इग्नोर करें या नंबर ब्लॉक भी कर सकते हैं। ऐसा कुछ नहीं करते हैं और अचानक से अश्लील मैसेज आने लगते है तो अलर्ट हो जाएं और नंबर तुरंत ब्लॉक कर दें। पुलिस से शिकायत भी करें।
सेक्सटॉर्शन का शिकार हो गए है तो क्या करें?
ऐसा होने पर डरे बिल्कुल नहीं, ऐसा करने वाले आपको धमकियां देंगे, लेकिन उनकी बातों का ध्यान नहीं दे और सबसे पहले पुलिस को शिकायत दें। अगर, डर के कारण पुलिस के पास नहीं गए और आरोपियों को रुपये दे दिए तो फिर उनके जाल में फंसना तय है। एक बार रुपये देने के बाद भी वह पीछा नहीं छोड़ेंगे। कई बार रुपयों की मांग कर सकते हैं। इस तरह से उनके जाल में फंसते चले जाएंगे। इसलिए ऐसा कुछ भी होने पर सीधे पुलिस के पास जाएं।